कासगंज। बृहस्पतिवार को सुबह से ही मौसम का रुख बिगड़ गया। काले घने बादल आसमान में छाए रहे। सुबह के समय कई इलाकों में हल्की बारिश हुई तो कहीं हल्की बूंदाबांदी। गरजते बादल और बिगड़े मौसम ने किसानों को चिंता में डाल दिया। आकाशीय बिजली गिरने से पेड़ के नीचे बैठा किसान झुलस गया। जबकि दो ग्रामीण बाल- बाल बच गए। घायल को अस्पताल में भर्ती कराया गया। पेड़ पर भी बिजली गिरने के निशान बन गए। अपराह्न तक बादल छाए रहे। इसके बाद धूप चमकी। खेतों में इस समय किसानों की सरसों और तंबाकू की फसल तैयार है। तमाम किसानों ने सरसों की फसल की कटाई कर दी है और यह फसल सूखने के लिए खेतों में पड़ी है। जिले के जिन हिस्सों में बारिश हुई वहां खेतों में पड़ी फसल झुलस गई। इसको लेकर किसानों को सरसों के खराब होने की आशंका सताने लगी है। तेज बारिश होने की स्थिति में काफी नुकसान हो सकता है। इस बात को लेकर किसान चिंतित हैं। यही हाल तंबाकू की फसल को लेकर है। गेहूं की फसल भी ज्यादातर खेतों में तैयार है। अगले माह गेहूं की कटाई का काम भी शुरू हो जाएगा। तेज बारिश और ओला गिरने की आशंका किसानों को बनी हुई है।
आगामी दिनों में तेज बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग के मुताबिक आगामी मंगलवार तक मौसम खराब रहने का अनुमान है। इस समय में तेज बारिश भी हो सकती है। इंटरनेट पर ऐसे अलर्ट देखकर किसानों की चिंता और बढ़ गई है। छावनी के किसान विपिन शर्मा ने बताया कि इंटरनेट पर मौसम के बिगडऩे का अलर्ट आ रहा है। यदि अधिक बारिश हुई तो फसलों को नुकसान होगा।
बोले किसान-
- मौसम बिगड़ने से खेती को नुकसान हो सकता है। सुबह हुई हल्की बारिश से ही खेत में कटी पड़ी सरसों की फसल भीग गई। जिससे सरसों के दाने की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। राजेंद्र सिंह, किसान।
- ऐसे मौसम में बारिश के साथ ओला गिरने की स्थिति बन जाती है। तंबाकू की फसल को भी तेज बारिश और ओलों से नुकसान होगा। मौसम के बिगड़े तेवर देखकर मन में घबराहट है- हीरा सिंह, किसान।
- बृहस्पतिवार को जो बारिश हुई है उससे फसलों को कोई क्षति नहीं है, लेकिन तेज बारिश होने पर गेहूं, सरसों आदि की फसलों को क्षति हो सकती है। सुमित चौहान, जिला कृषि अधिकारी।