उपनिरीक्षक देवी सिंह का फाइल फोटो
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पुलिस अधीक्षक सुशील घुले ने कारण जानने के लिए एएसपी डा. पवित्र मोहन त्रिपाठी और सीओ पटियाली गवेंद्र गौतम को लगाया है। पुलिस ने दरोगा का मोबाइल कब्जे में लेकर कॉल डिटेल निकलवाई है। पता किया जा रहा है कि अंतिम बार दरोगा ने किससे बात की और कितने समय तक बात की। इसके अलावा रविवार को सबसे अधिक किससे बात हुई है?
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पोस्टमार्टम के बाद सोमवार को उपनिरीक्षक देवी सिंह का शव सोरों स्थित पुलिस लाइन ले जाया गया। यहां पुलिस अधीक्षक सुशील घुले, अपर पुलिस अधीक्षक डा. पवित्र मोहन त्रिपाठी, क्षेत्राधिकारी शहर आईपी सिंह, क्षेत्राधिकारी सहावर अभिषेक राहुल, क्षेत्राधिकारी पटियाली गवेंद्र गौतम के अलावा साथी पुलिसकर्मी मौजूद थे। अधिकारियों ने पुष्प चक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
उपनिरीक्षक के साथी घटना के बाद से दंग हैं। कई साथी उपनिरीक्षक के व्यवहार के कायल थे। वहीं दरोगा की मौत की चर्चा कोतवाली से जिला मुख्यालय तक रही। विभाग के साथी तरह तरह की चर्चाएं करते देखे गए।
पुलिस अधीक्षक एसपी सुशील घुले का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्पष्ट हुआ है कि उपनिरीक्षक ने आत्महत्या की है। आत्महत्या का कारण जानने के लिए अफसर जुटे हैं। अभी तक कोई कारण स्पष्ट नहीं हुआ है।