कासगंज हिंसा के दौरान ड्यूटी में लगाए गए अंडर ट्रेनी दरोगा ने थाने के व्हाट्सएप ग्रुप पर अपना दर्द बयां किया। कपड़े नहीं धोने और समय पर भोजन न मिलने की बात कही।
इससे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। अब दरोगा को ड्यूटी से वापस बुला लिया गया है। दरोगा ने लिखा था कि वह गत 27 जनवरी को दिन में ड्यूटी पर था। शाम को उसे बताया गया कि कासगंज जाना है।
इसके बाद उनकी रवानगी कर दी गई। वह ड्यूटी पर आ गए। यहां पर न तो सही से रहने की जगह है, न ही कपड़े धोने की व्यवस्था है। भोजन भी समय पर नहीं मिल पा रहा है।