दूसरी वरीयता में 22 चरणों में मतगणना हुई। इसमें एक-एक कर सबसे मत प्राप्त करने वाले प्रत्याशियों को बाहर किया गया। उन्हें प्राप्त हुए मतों का अतंरण प्रत्याशियों में वरीयता से हुआ। 21वें चरण में निर्दलीय हरि किशोर तिवारी बाहर हुए। इनके 821 मत भाजपा व 421 सपा के खाते में जुड़े।
अंत में सपा और भाजपा प्रत्याशी बचे। सपा प्रत्याशी को मिले 618 मतों का भी अंतरण भाजपा में होने से कुल 40070 मत प्रत्याशी को प्राप्त हुए। भाजपा को अंतरण मतों में सबसे ज्यादा मत निर्दलीय हरि किशोर से मिले। हरि किशोर तीसरे नंबर पर रहे। उन्हें कुल 23162 मत मिले।
शिक्षक सीट हारने से दांव पर थी दिग्गजों की प्रतिष्ठा
आगरा खंड की शिक्षक एमएलसी सीट हारने के बाद भाजपा के दिग्गजों की प्रतिष्ठा स्नातक सीट पर दांव पर लगी थी। कई वर्षों से संगठन दोनों सीटों पर तैयारियां कर रहा था। डॉ. मानवेंद्र प्रताप के ब्रज क्षेत्र उपाध्यक्ष होने के कारण भी इस सीट पर बड़ा दारोमदार था। उन्होंने भी संगठन को निराश नहीं किया और कमल खिलाया।