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मतगणना का काउंटडाउन शुरू: कार्मिक नहीं ले जा सकेंगे मोबाइल, कड़ी निगरानी में गिने जाएंगे वोट

Wed, 09 Mar 2022 12:59 AM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, कासगंज

सार

यूपी विधानसभा चुनाव की मतगणना का काउंटडाउन शुरू हो गया है। गुरुवार को सुबह आठ बजे मतगणना शुरू हो जाएगी। कासगंज में मतगणना को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। 
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डीएम ने मतगणना की व्यवस्थाओं के संबंध में दी जानकारी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कासगंज की जिलाधिकारी हर्षिता माथुर और पुलिस अधीक्षक रोहन प्रमोद बोत्रे ने मंगलवार को मतगणना की व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि मतगणना परिसर के बाहर और अंदर मतगणना पंडाल में कुल 13 मजिस्ट्रेटों की तैनाती की गई है। मतगणना के लिए स्ट्रांग रूम से प्रत्येक राउंड में 14 ईवीएम को निकाला जाएगा। जिसकी पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी होगी। सीसीटीवी कैमरे भी मतगणना परिसर और हॉल में लगाए गए हैं।

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जिलाधिकारी ने बताया कि सीसीटीवी एवं वीडियोग्राफी के माध्यम से प्रत्येक टेबिल पर हर व्यक्ति की निगरानी रखी जाएगी। प्रत्याशियों, मतगणना अभिकर्ताओं को फल मंडी परिसर में प्रवेश सुबह 6 बजे दिया जाएगा। प्रत्याशियों व उनके मतगणना एजेंट के वाहन मंडी परिसर में प्रवेश नहीं करेंगे। उनके वाहन की पार्किंग की व्यवस्था मंडी परिसर के बाहर रहेगी। स्ट्रांग रूम प्रत्याशियों व निर्वाचन अभिकर्ताओं की उपस्थिति में सुबह 7 बजे खोला जाएगा। 

मतगणना के लिए दो पंडालों में 7-7 टेबिल 

उन्होंने बताया कि प्रत्येक विधानसभा में मतगणना पंडाल को दो भागों में विभाजित किया गया है। इन दोनों भागों में मतगणना के लिए 7-7 टेबिल लगी हैं। दो टेबिल पोस्टल बैलेट के लिए और दो मतगणना टेबिल लगाईं गई हैं। प्रत्येक मतगणना टेबिल के लिए प्रत्याशी एक मतगणना अभिकर्ता नियुक्त कर सकता है। प्रत्येक विधानसभा में आरओ टेबिल पर प्रत्याशी, निर्वाचन अभिकर्ता या मतगणना अभिकर्ता में से एक समय में एक ही व्यक्ति उपस्थित रह सकता है।

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सुरक्षा प्राप्त नेता नहीं बनेंगे अभिकर्ता

मतगणना में किसी भी पार्टी के केंद्र अथवा राज्य सरकार के मंत्री, राज्य मंत्री एवं सुरक्षा प्राप्त व्यक्ति मतगणना अभिकर्ता के रूप में नियुक्त नहीं किए जा सकेंगे। यदि वह स्वेच्छा से अपनी सुरक्षा व्यवस्था छोड़ दें तब भी उसे मतगणना अभिकर्ता नियुक्त नहीं किया जा सकता। नगरपालिका अध्यक्ष, सांसद, विधायक, जिला पंचायत अध्यक्ष, ब्लॉक प्रमुख, व अन्य जनप्रतिनिधि भी मतगणना अभिकर्ता नहीं बन सकेंगे।

अंदर नहीं ले जा सकेंगे मोबाइल

जिलाधिकारी ने बताया कि मतगणना के दौरान किसी भी मतगणना कार्मिक को मोबाइल फोन व अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण लाने की अनुमति नहीं होगी। किसी भी प्रत्याशी, चुनाव अभिकर्ता व मतगणना अभिकर्ता को भी मोबाइल फोन, कैमरा व अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण लाने की अनुमति नहीं होगी।

मतगणना के बाद पुन: सील होंगी ईवीएम

मतगणना परिणाम की घोषणा के बाद ईवीएम को पुन: सील किया जाएगा। प्रत्याशी व उनके चुनाव अभिकर्ता सील पर अपने हस्ताक्षर भी करेंगे। सील की गईं ईवीएम को कलक्ट्रेट परिसर के वेयर हाऊस के स्ट्रांग रूम मे सुरक्षित रखा जाएगा। ईवीएम के परिवहन के समय प्रत्याशी या चुनाव अभिकर्ता उपस्थित रह सकते हैं।

पांच बूथों की वीवीपैट पर्चियों का होगा मिलान

ईवीएम से मतगणना के अंतिम राउंड में लॉटरी के माध्यम से प्रत्येक विधानसभा में पांच-पांच बूथों का चयन किया जाएगा। इन बूथों पर प्रयुक्त वीवीपैट की पर्चियों की गणना की जाएगी। पर्चियों की गणना का मिलान कंट्रोल यूनिट से प्राप्त परिणाम से किया जाएगा। बूथों की वीवीपैट की पर्चियों की गिनतियों के बाद ही अंतिम परिणाम की घोषणा की जाएगी।
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