मथुरा में विधानसभा चुनाव के मतदान में गुरुवार को निराशाजनक प्रदर्शन रहा। गोवर्धन को छोड़ जिले में चार विधानसभा के मतदाता 2011 के चुनाव में हुए मतदान का पुराना आंकड़ा भी नहीं छू सके। मथुरा विधानसभा क्षेत्र में सबसे निराशाजनक प्रदर्शन रहा।
इस चुनाव में जिले के सभी पांच विधानसभा क्षेत्रों के लिए 62.90 प्रतिशत लोगों ने वोट डाले। यह आंकड़ा पिछले चुनाव से करीब दो प्रतिशत कम है। 2017 में सभी सीटों के लिए 64.91 प्रतिशत वोटिंग हुई थी। पिछले चुनाव से कम मतदान होने से प्रत्याशियों की चिंता बढ़ गई है।
विधानसभावार मतदान प्रतिशत की तुलना करें तो 2017 में छाता विधानसभा में 66.84 प्रतिश मतदान हुआ था, जो इस बार घटकर 64.55 प्रतिशत रह गया। इस तरह छाता के मतदाताओं ने 2.29 प्रतिशत कम वोट डाले। यही स्थिति बलदेव सुरक्षित सीट पर देखने को मिली।