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आगरा में कोरोना: एक नया मामला, पांच हुए डिस्चार्ज, चार कॉलोनी में एक महीने से नहीं मिला नया मरीज

Wed, 10 Mar 2021 10:56 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

  • कुल संक्रमितों की संख्या 10549 
  • 10362 मरीज ठीक हो चुके हैं, 
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कोरोना वायरसः जांच के लिए नमूने लेते कर्मी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आगरा में मंगलवार को कोरोना वायरस का एक मरीज मिला है। पांच मरीज डिस्चार्ज हो गए हैं, अब 13 मरीज ही उपचाराधीन है। अब कुल संक्रमितों की संख्या 10549 पहुंच गई है, 10362 मरीज ठीक हो चुके हैं, 174 की मौत हो चुकी है। 
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चार कॉलोनी में 35 दिन से नहीं मिला नया मरीज
शहर की आठ कॉलोनियों में कोरोना की चेन टूट गई है। इनमें से चार कॉलोनियों में बीते 35 दिन में नया मरीज नहीं मिला है। चार कॉलोनियों में भी 26 ही मामले मिले हैं। पूर्व में इन आठ कॉलोनियों में रोज ही मरीज मिल रहे थे। कुल संक्रमित 10,548 में से करीब सात हजार मरीज इन्हीं कॉलोनियों के रहे।
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सीएमओ डॉ. आरसी पांडेय ने बताया कि संक्रमित मिलने में दयालबाग, कमला नगर, आवास विकास कॉलोनी, खंदारी, शाहगंज, बल्केश्वर, ताजगंज और सिकंदरा टॉप टेन कॉलोनी में शामिल रहीं। संक्रमण के कुल मरीजों में से लगभग 65 फीसदी इन्हीं कॉलोनियों में पाए गए। इनमें अब संक्रमण की चेन टूट गई है। शाहगंज, बल्केश्वर, सिकंदरा और ताजगंज में विगत 35 दिन में एक भी मामला नहीं मिला है। दयालबाग और कमला नगर में जरूर सप्ताह में दो से पांच मामले मिल रहे हैं। आवास विकास कॉलोनी और खंदारी में इक्का-दुक्का ही मरीज मिले हैं।

तीन-तीन बार स्क्रीनिंग की गई: डॉ. वर्मन
स्वास्थ्य सर्वे प्रभारी डॉ. संजीव वर्मन ने बताया कि ये आठ कॉलोनी बड़ी चुनौती साबित हुईं। दिसंबर तक इनमें रोजाना कोरोना संक्रमण के केस मिलते थे। ऐसे में यहां तीन-तीन बार स्वास्थ्य सर्वे और स्क्रीनिंग की गई। संदिग्ध मरीजों को पहले से ही चिह्नित कर क्वारंटीन रहने को कहा गया।

नियंत्रण के तीन उपाय
1.एनजीओ की मदद से घरों पर पहुंचाई सामग्री: 
इन आठ कॉलोनियों में होम आइसोलेशन में रहने वाले मरीजों के घर दैनिक सामग्री पहुंचाने के लिए सामाजिक संगठनों की मदद ली गई, जिससे कोई भी परिजन बाहर नहीं गया। 

2. मोबाइल वैन से सामूहिक नमूने लेकर जांच
इन आठों कॉलोनियों में मोबाइल वैन से विभिन्न क्षेत्र में रैपिड टेस्ट से नमूने लेकर मौके पर ही जांच की गई। संक्रमित मिलने पर उनको होम आइसोलेट किया गया। 
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3. यात्रा करने वालों की मॉनीटरिंग, जांच कराई
इन कॉलोनियों में विदेेश यात्रा करने वाले लोगों की मॉनीटरिंग की गई। उनके और परिजनों के नमूने लेकर जांच भी की, जिससे संक्रमण नियंत्रण करने में आसानी रही।
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