कासगंज। अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या 1 विजेश कुमार के न्यायालय ने हत्या के मामले में पुलिस विवेचना में प्रकाश में आए तीन आरोपियों को संदेह का लाभ देते हुए दोष मुक्त कर दिया है। इसी के साथ ही कोर्ट ने तीनों के व्यक्तिगत बंधन पत्र व जमानत में निरस्त कर दिए।
गंजडुंडवारा के ग्राम अल्हैैपुर निवासी रामवीर पुत्र गोविंदराम एवं उनका भतीजा विश्व प्रिय पुत्र ब्रह्मानंद 14 अगस्त 2013 को कपड़ा खरीदने के लिए बाइक से गंजडुंडवारा गए थे। इसके बाद वे घर नहीं लौटे। 15 अगस्त को उनके शव बंबा की पटरी के किनारे तथा बाइक सड़क के पास बाग के किनारे पड़ी मिली। इस मामले में अज्ञात में मामला दर्ज कराया गया। पुलिस ने मामले की विवेचना की।
विवेचना में पटियाली के नुरेरा निवासी गजेंद्र सिंह पुत्र अमर सिंह, दीपक पुत्र रामवीर, गंजडुंडवारा के अल्लेपुर निवासी धर्मेंद्र पुत्र हरी सिंह को दोषी माना। पुलिस ने आलाकत्ल तमंचा भी बरामद कर लिया। इसके बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया। बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता मानिक चंद्र ने मामले की पैरवी की। अभियोजन पक्ष तीनों को संदेह से परे सिद्घ करने में असफल रहा। इसके कारण कोर्ट ने तीनों आरोपियों को संदेह का लाभ देते हुए दोष मुक्त कर दिया।