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आगरा में जख्मी पुलों पर दौड़ रहीं जिंदगियां: टूटी रेलिंग और लिंटर से बाहर निकल रहीं सरिया

Tue, 10 Aug 2021 10:46 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा

सार

ताजनगरी की सड़कें ही नहीं, पुल भी जख्मी हैं। इन जख्मी पुलों पर हर दिन हजारों जिंदगियां दौड़ रही हैं।
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आंबेडकर पुल में लिंटर से सरिया निकल रही हैं। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आगरा में कई पुल ऐसे हैं, जिन पर गड्ढे हो गए हैं। लिंटर की सरिया बाहर निकल आई हैं। रेलिंग टूट रही हैं। हर दिन हजारों वाहन यहां से गुजरते हैं। जान हथेली पर रख कर लोग सफर करते हैं। हर बार पैचवर्क करा दिया जाता है, जो कुछ ही दिनों में फिर उखड़ जाता है। हादसा होने का डर बना रहता है।

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पुल के बीचोंबीच गड्ढा  
दिल्ली आगरा रूट स्थित रेलवे फाटक नंबर 503 पर इस आरओबी का निर्माण दस बरस पहले हुआ था। पुल के बीचों-बीच गड्ढा हो गया है। हर दिन करीब आठ हजार वाहन इस पुल से गुजरते हैं। 28 करोड़ की लागत से बने इस पुल की स्थिति दो साल में ही बिगड़ने लगी थी। दोनों ओर गहरे गड्ढे हो गए थे। जून 2017 में इस पुल के चार एक्सपेंशन ज्वॉइंट क्षतिग्रस्त हो गए थे, जिन्हें रिपेयर कराया गया था।

ईदगाह पुलः रोक के बाद भी निकल रहे भारी वाहन 
ईदगाह रोड को सराय ख्वाजा से जोड़ने वाले ईदगाह रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण करीब 42 साल पहले कराया गया था। हर दिन यहां से करीब 20 हजार वाहनों का आवागमन होता है। पुल की रेलिंग कई जगह से उखड़ चुकी है। करीब तीन साल पहले पुल के लिंटर का कुछ हिस्सा भी नीचे गिर गया था। पुल पर चेतावनी लिखी हुई है कि यहां से भारी वाहनों का निकलना निषेध है, बावजूद इसके हर दिन यहां से भारी वाहन गुजरते हैं।

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बुलंद खड़ा है स्ट्रेची ब्रिज  
ताजनगरी में पिछले 10-12 साल में बने पुलों की हालत खस्ता होती जा रही है तो दूसरी ओर अंग्रेज शासन का आरओबी स्ट्रेची ब्रिज अभी भी बुलंद खड़ा है। करीब 113 साल पहले बने इस पुल को साल 2013 में मरम्मत की जरूरत पड़ी थी। उस समय कुछ दिनों के लिए रेल और सड़क यातायात भी बाधित रहा था। इस पुल पर आज भी दस हजार से अधिक वाहन हर दिन फर्राटा भरते हैं। 


सावधान... यहां हर राह खोखली है: अमर उजाला की पड़ताल में देखिए आगरा की सड़कों का हाल
 
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