आगरा। डेढ़ महीने बाद स्कूल खुलने पर प्रिल्यूड पब्लिक स्कूल में बच्चों का तिलक कर स्वागत किया गया?
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आगरा। पीठ पर बस्ता लादा और हाथ में पानी की बोतल लटकाई और पहुंच गए स्कूल। स्कूलों में भी बच्चों को दुलारते हुए स्वागत किया। तिलक लगाया और हाथों में चॉकलेट थमाई। इससे बच्चे चहक उठे। कोरोना वायरस की तीसरी लहर के 45 दिन बाद नर्सरी से कक्षा आठ तक के स्कूल खुले तो बच्चों का ऐसे ही स्वागत किया गया।
अप्सा के सचिव डॉ. गिरधर शर्मा ने बताया कि कोरोना वायरस के प्रभाव को देखते हुए बच्चों के साथ सभी शिक्षक अभिभावक के तौर पर पेश आए। कक्षा शुरू करने से पहले बच्चों की काउंसिलिंग भी की गई। पहले दिन पढ़ाई पर जोर नहीं दिया गया। हाथों को सैनिटाइज कराने के साथ सामाजिक दूरी से कक्षाओं में बैठाया। इंटरवल में बच्चों ने सामाजिक दूरी का ख्याल रखते हुए खेलकूद कर जमकर मस्ती भी की। पहले दिन 50-60 फीसदी उपस्थिति रही है।
प्रिल्यूड पब्लिक स्कूल में बच्चों के तिलक लगाकर चॉकलेट उपहार में दी। स्टाफ ने जोकर बनकर बच्चों को मनोरंजन भी किया। प्रार्थना करने के बाद बच्चों ने कविताएं सुनाईं। विद्यालय के निदेशक डॉ. सुशील गुप्ता ने कहा कि पहले दिन करीब 45 फीसदी ही उपस्थिति रही है।
माउंट लिट्रा जी स्कूल में इंटरवल में बच्चों ने खूब मस्ती की। किसी ने झूला तो किसी ने लटककर आनंद उठाया। कक्षा में सभी बच्चों को कोरोना वायरस से बचाव की जानकारी देते हुए कोरोना को हराना है स्कूल रोजाना आना है का संकल्प दिलाया।