आगरा के सिकंदरा में ब्याही जैतपुर की महिला ने शादी के साढ़े 11 साल बाद बेटी को जन्म दिया तो ससुरालवाले प्रताड़ित करने लगे। बेटे की चाह में घर में झाड़फूंक भी कराई। हालत बिगड़ने की सूचना पर भाई पहुंचा तो विवाहिता कमरे में अचेत मिली। शरीर पर जलने के निशान थे। आरोप है कि इलाज के लिए ले जाने पर भूत-प्रेत का साया बताकर रोकने की कोशिश भी की। भाई उसे इलाज के लिए आगरा और फिर दिल्ली ले गया, लेकिन मंगलवार सुबह उसकी मौत हो गई। शिकायत पर पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है।
जैतपुर निवासी हरपाल ने पुलिस को बताया कि उनकी बहन सपना की शादी करीब 12 साल पहले आगरा के केके नगर के रहने वाले अमित कुमार के साथ हुई थी। ससुरालवाले दहेज के लिए उत्पीड़न कर रहे थे। शादी के करीब 11 साल 6 महीने बाद सपना ने बेटी को जन्म दिया। इसके बाद ससुरालवाले उसे और परेशान करने लगे। इस पर वह बहन को मायके ले आए।
आरोप है कि 22 अगस्त को अच्छे से देखभाल करने की बात कहकर पति सपना को ससुराल ले गया। 27 अगस्त को पति ने फोन करके बताया कि सपना को तेज बुखार और घबराहट हो रही है। वह सपना को देखने पहुंचा तो वह कमरे में बेसुध पड़ी थी। पास में झाड़फूंक करने का सामान फैला था। सपना के शरीर पर जलने के निशान थे। ससुरालवाले इलाज के लिए ले जाने से भी रोकने लगे। कहा कि झाड़फूंक कराया है।
इसके बाद हरपाल सपना को आगरा में दिल्ली गेट स्थित अस्पताल में ले गए, जहां से दिल्ली रेफर कर दिया। दिल्ली में 28 अगस्त को भर्ती करा दिया गया। ससुरालवाले बताने पर भी नहीं पहुंचे। परिजन दिल्ली से कुछ दिन पहले ही छुट्टी कराकर जैतपुर लाए थे। मंगलवार की सुबह सपना की मौत हो गई। मायके वालों ने पुलिस से शिकायत की है। प्रभारी निरीक्षक जैतपुर ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। संवाद
आईवीएफ से हुआ था बेटी का जन्म
भाई हरपाल के मुताबिक सपना ने आईवीएफ से बेटी को जन्म दिया था। ससुरालियों को बताया गया था कि अब दूसरा बच्चा नहीं हो सकता। इसके बाद भी ससुरालवाले बेटे की चाह में सपना का शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित करते रहे जिससे उसकी मौत हो गई। सपना की मौत से परिवार में मातम पसर गया। मायकेवालों ने मौत के लिए जिम्मेदार ससुरालियों पर कार्रवाई की मांग की है।