फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ताज महोत्सव 2022: कला, शिल्प और संस्कृति के महोत्सव का शानदार आगाज

Sun, 20 Mar 2022 09:14 PM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, आगरा

सार

शिल्पग्राम के मुक्ताकाशी मंच पर मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र ने दीप प्रज्जवलित कर 30वें ताज महोत्सव का उद्घाटन किया। 20 से 29 मार्च तक विभिन्न कार्यक्रम होंगे। पहले दिन बिरजू महाराज की परंपरा को कथक नृत्य के माध्यम से श्रद्धांजलि दी गई। 
विज्ञापन
मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र दीप प्रज्जवलित कर 30वें ताज महोत्सव का उद्घाटन करते हुए - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

ताजनगरी में रविवार से कला, शिल्प और संस्कृति के दस दिनी महोत्सव का आगाज हो गया। प्रदेश के मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र ने शिल्पग्राम स्थित मुक्ताकाशी मंच पर शाम सात बजे दीप प्रज्जवलित कर 30वें रंगारंग ताज महोत्सव का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा ऐसे महोत्सव से भारत की संस्कृति एवं पर्यटन को प्रोत्साहन मिलता है।

विज्ञापन


कोरोना के कारण दो साल बाद आयोजित हो रहा ताज महोत्सव 29 मार्च तक चलेगा। इसमें दिल्ली, पंजाब, राजस्थान, बिहार, छत्तीसगढ़ के अलावा हिमाचल, जम्मू कश्मीर, गुजरात के शिल्पियों ने स्टाल लगाई हैं। मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा के साथ पर्यटन विभाग के सचिव मुकेश मेश्राम, कमिश्नर अमित गुप्ता एवं डीएम प्रभु एन सिंह उद्घाटन में मौजूद रहे। 
 

विज्ञापन

कथक नृत्य की प्रस्तुति देते कलाकार - फोटो : अमर उजाला
मुख्य सचिव डीएस मिश्र ने कहा कि आज फिर आगरा आकर पुरानी यादें ताजा हो गई हैं। उन्होंने कहा कि '25 साल पहले मैं यहां डीएम रहा था। आज वक्त फिर से आपके बीच लेकर आया है।' उन्होंने कहा आगरा में विकास तेजी से हो रहा है। जल्द मेट्रो शुरू होगी। स्मार्ट सिटी बन रहा है। पर्यटन सचिव मुकेश ने कहा कि 'मैं भी आगरा में डीएम रह चुका हूं। इस बार पर्यटन सचिव के रूप में ताजनगरी में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए प्रयास रहेगा।' उन्होंने महोत्सव समिति की आयोजन के लिए बधाई देते हुए प्रशंसा की।

घुंघरुओं की थाप पर बिरजू को किया याद

महोत्सव के पहले दिन आयोजनों की शुरुआत संगीत कला केंद्र आजादी के अमृत महोत्सव के संग ताज महोत्सव के रंग थीम गीत से प्रस्तुतियां आरंभ की। फिर नोएडा से आए बिरजू महाराज परंपरा के कलाकारों ने कथक प्रस्तुति के माध्यम से पद्म विभूषण पं. बिरजू महाराज को श्रद्धांजलि दी गई। कथक नृत्य के दौरान घुंघरुओं की थाप से मुक्ताकाशी मंच गूंज उठा। दर्शकों की तालियों की करतल ध्वनियों से कलाकार मुग्ध हो गए। जिसके बाद रात नौ बजे बॉलीवुड नाइट में पार्श्व गायक पापोन ने फिल्मी गीतों से शमां बांधा। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें