नकल कराने वालों पर नहीं एफआईआर
सेमेस्टर परीक्षा में नकल और गड़बड़ी वाले विद्यालयों पर एफआइआर दर्ज नहीं कराई है, इसके लिए उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय को कुलपति और कुलसचिव को निर्देशित भी किया था। दरअसल, परीक्षाओं में सामूहिक नकल और पंगत में बैठाकर परीक्षाएं कराने की रिपोर्ट के बाद उच्च शिक्षा मंत्री से इसे संज्ञान में लिया था। परीक्षा नियंत्रक डॉ. ओमप्रकाश का कहना है कि जिन केंद्रों में नकल की रिपोर्ट आई है। उनकी जांच कराने के बाद कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नकल के मामले की जांच करेगी समिति
डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय प्रशासन ने मथुरा फालोन के एसबीएस कॉलेज में नकल कराने के मामले की जांच के लिए समिति बनाई है। नियंत्रण कक्ष प्रभारी और पर्यवेक्षक ने इस केंद्र में नकल और गड़बड़ी की शिकायत विश्वविद्यालय प्रशासन से की थी।
परीक्षा नियंत्रक ने बताया कि पर्यवेक्षक और नियंत्रण कक्ष से गोपनीय रिपोर्ट में नकल और गड़बड़ी की शिकायत थी। इस मामले की जांच के लिए केएमआई के निदेशक प्रो. यूसी शर्मा और गृह विज्ञान संस्थान की प्रो. अर्चना सिंह को जिम्मेदारी दी है। रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई तय की जाएगी। रिपोर्ट के आधार पर इस केंद्र पर पर्यवेक्षक की निगरानी में परीक्षा कराई जा रही है।