पर्यटकों को सामान बेचने की कोशिश करता युवक
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टूरिस्ट सीजन आते ही ताज, किला और सीकरी में लपकों के सक्रिय हो जाने की अमर उजाला माई सिटी में छपी खबर को एसएसपी बबलू कुमार ने गंभीरता से लिया है।
उन्होेंने सीओ ताज सुरक्षा, एसओ पर्यटन, ताजगंज, सीकरी थाना को निर्देश दिए हैं कि लपकों की कुंडली तैयार की जाएगी। कौन कब पकड़ा गया, कब छूटा और अब क्या कर रहा है? इसका ब्योरा इसमें होना चाहिए। साथ ही सक्रिय लपकों की सूची बनाने के लिए खुफिया पुलिस को लगाया है।
ताज के आसपास लगभग 550 लपके सक्रिय हैं। सीकरी में इनकी संख्या 600 है। ये पार्किंग से ही सैलानियों को लपक लेते हैं। पुलिस के रिकार्ड में लपकों के खिलाफ एक साल में 37 शिकायतें हैं। ये धोखाधड़ी और चौथ वसूली की हैं। चौथ वसूली के सभी मामले फतेहपुर सीकरी के हैं।
एसएसपी बबलू कुमार ने बताया कि ताज पर पार्किंग से लेकर बैरियर तक चेकिंग कराई जाएगी। एएसआई के गाइडों केपास आई कार्ड है। जो लोग गाइड बनकर खड़े होंगे और उनके पास कार्ड नहीं मिलेगा, उनके बारे में जांच पड़ताल की जाएगी। लपके मिलने पर केस दर्ज होगा।
फरार लपकों की तलाश के लिए चलेगा अभियान
एसएसपी ने फतेहपुर सीकरी थाना प्रभारी को निर्देश दिए हैं कि स्मारक में पुलिस पर हमले की घटनाओं में फरार चल रहे लपकों की तलाश की जाए। कई आरोपी अज्ञात में थे, उनकी पहचान की जाए। अगर लपके जबरन किसी को सामान बेचते हैं तो केस चौथ वसूली का दर्ज किया जाए।
लपकागीरी : 100 का माल 1000 में
लपकों के खिलाफ सीकरी में दर्ज 11 केस ऐसे हैं जिनमें सैलानी को 100 का माल 1000 में बेचा गया। ये माल एंपोरियम से बेचा गया। लपके सैलानी को लेकर पहुंचे। इसके बदले कमीशन मिलता है। 2017 में स्पेन और बेल्जियम के दो सैलानियों को मार्बल की ताजमहल प्रतिकृति की बुक करके पैकिंग में ईंट पत्थर भेज दिए थे।
लपकों के अड्डे
1. ताज में शिल्पग्राम पार्किंग, कैंट स्टेशन की पार्किंग ( यहां से सबसे ज्यादा लपकेपकड़े गए )
2. कैंट स्टेशन के बाहर प्रीपेड टैक्सी बूथ ( सीओ ताज सुरक्षा मोहसिन खान ने यहां से एक महीने पहले सात लपके पकड़े थे )
3. सीकरी में दरगाह के बाहर ( यहां पुलिस पर हमला भी कर चुके हैं )
4. ताज में पूर्वी और पश्चिमी गेट बैरियर पर ( यहां गाइड बनकर खड़े रहते हैं )