आगरा में कारोबारी के पुत्र ने कार दौड़ाई तो अफरातफरी मच गई। दो लोगों को रौंद दिया। एक दरोगा की बाइक और एक चीता मोबाइल को भी टक्कर मार दी। पुलिसकर्मियों ने किसी तरह खुद को बचाया। इतना ही नहीं पुलिस जीप में टक्कर मारने के बाद कार रुकी। पुलिस ने युवक को पकड़ लिया है। घटना रात तकरीबन एक बजे की है।
इंस्पेक्टर हरीपर्वत महेश गौतम ने बताया कि नगला पद्मा, सदर निवासी विष्णु और जितेंद्र एक शादी समारोह में रतनपुरा (रिंग रोड) आए थे। वो मैरिज होम से बाहर निकलकर पैदल जा रहे थे। तभी तेज गति से आई एक आई-10 कार ने दोनों को चपेट में ले लिया। इससे चीखपुकार मच गई।
इसके बावजूद कार चला रहा युवक ने ब्रेक नहीं लगाए। वो कार को दौड़ाता रहा। उस समय वहां रिंग रोड चौकी प्रभारी महेश सिंह भी खड़े हुए थे। उन्होंने कार को रोकने का प्रयास किया। मगर, कार से उनकी बाइक में भी टक्कर मार दी। चौकी इंचार्ज बच गए।
चीता मोबाइल को मारी टक्कर
यह देखकर वहां खड़े चीता मोबाइल के सिपाहियों ने कार को रोकने का प्रयास किया। मगर, कार चालक ने चीता मोबाइल को भी टक्कर मार दी। इसमें दोनों सिपाहियों ने खुद को बचाया। पास ही चौकी की जीप खड़ी थी। जीप से टकराकर कार पेड़ में जा घुसी।
पुलिस ने कार सवार युवक को पकड़ लिया। उसके साथ एक युवती भी थी। युवक ने अपना नाम ऋषभ अग्रवाल पुत्र मुकेश अग्रवाल निवासी ए-ब्लाक, कमला नगर बताया। उसके पिता का साड़ी का कारोबार है। उनकी ट्रेडिंग कंपनी है।
ऋषभ एमबीए का छात्र है। पुलिस को बताया कि वह अपनी मित्र के साथ सदर में पार्टी करके लौट रहा था। रिंग रोड पर कार अनियंत्रित हो गई थी। इस कारण हादसा हो गया। युवती कमला नगर की रहने वाली थी। उसे परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।
तेज रफ्तार में थी कार
मामले में घायल विष्णु के पिता हरी सिंह ने मुकदमा दर्ज कराया है। इसमें धारा 279, 337, 338, 353, 427 लगाई गई हैं। पुलिस ने आरोपी ऋषभ को कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया।
इंस्पेक्टर महेश गौतम ने बताया कि पूछताछ में घायल विष्णु ने बताया कि कार की स्पीड सौ से अधिक थी। ऐसा लगा कि चालक स्टंट कर रहा है। जितेंद्र के गंभीर चोट लगी है।