मार्च में तीन दिन मुफ्त में ताजमहल का दीदार करने का मौका मिल सकता है। यहां मुगल शहंशाह शाहजहां का 366वां उर्स 10 से 12 मार्च के बीच मनाया जाएगा। इस दौरान ताज में पर्यटकों का प्रवेश निशुल्क रहेगा। साथ ही तहखाना में स्थित शाहजहां और मुमताज की असली कब्रों को भी देख सकेंगे। उर्स का मुख्य आकर्षण सर्वधर्म सद्भाव की प्रतीक सतरंगी चादर रहेगी।
बीते साल कोरोना के कारण शाहजहां का उर्स नहीं हो पाया था। इस वर्ष उर्स को लेकर शाहजहां उर्स सेलीब्रेशन कमेटी ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। शाहजहां का तीन दिवसीय उर्स ताजमहल में 10 से 12 मार्च के बीच मनाया जाएगा। उर्स कमेटी ने इन तारीखों का एलान किया है।
शाहजहां के तीन दिवसीय उर्स में पर्यटकों को ताजमहल के तहखाने में स्थित शाहजहां और मुमताज की असली कब्रों को देखने का मौका मिलेगा। ये कब्रें वर्ष में केवल एक बार उर्स के दौरान ही खोली जाती हैं। उर्स के दौरान ताजमहल में कई कार्यक्रम होते हैं।
शाहजहां उर्स सेलीब्रेशन कमेटी के अध्यक्ष मुनव्वर अली ने बताया कि इस बार 10 मार्च को गुस्ल, 11 मार्च को संदल, कुरआनख्वानी होगी। दोनों ही दिन दोपहर 2 बजे से शाम तक ताजमहल में प्रवेश नि:शुल्क रहेगी, लेकिन आखिरी दिन 12 मार्च को सुबह से ही चादरपोशी होगी और पूरे दिन ताजमहल पर्यटकों के लिए नि:शुल्क रहेगा।
मुनव्वर अली ने बताया कि उर्स कमेटी ने एएसआई (भारतीय पुरात्तव सर्वेक्षण) और सीआईएसएफ ((केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल) को सूची सौंप दी गई है। तैयारियों के लिए कमेटी ने पैनल बना दिया है।