ताजमहल को सदियों तक सहेजने के लिए तैयार कराए जा रहे विजन डॉक्यूमेंट को पेश करने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने प्रदेश सरकार को चार सप्ताह का समय और दे दिया है। विजय डॉक्यूमेंट में हो रही देरी के लिए सुप्रीम कोर्ट ने प्रदेश सरकार को फटकार भी लगाई है।
शीर्ष अदालत ने ताजमहल के आसपास के हिस्से को हेरिटेज सिटी घोषित करने के मामले में भी आठ सप्ताह में अंतरिम रिपोर्ट राज्य सरकार से मांगी है, हालांकि यूपी सरकार ने यह रिपोर्ट अहमदाबाद के सेंटर ऑफ एन्वायरमेंट प्लानिंग एंड टेक्नोलॉजी में तैयार होने की बात कहते हुए 24 सप्ताह का समय मांगा था।
जस्टिस एसए बोबडे़ की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने बुधवार को सुनवाई के दौरान विजन डॉक्यूमेंट पेश नहीं करने पर नाराजगी जताई तो राज्य सरकार की एडिशनल एडवोकेट जनरल ऐश्वर्या भाटी ने इस पर विचार चलने का तर्क दिया। इस पर पीठ ने प्रदेश सरकार को देरी के लिए कड़ी फटकार लगाई।