आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे की तरह से ही सरकार अधूरे बाईसकिल हाईवे का भी शुभारंभ करने की तैयारी में है। 26 नवंबर को मुख्यमंत्री इटावा में इसका शुभारंभ करेंगे लेकिन यह ट्रैक अब तक पूरा नहीं हुआ है। कई जगह तो इसका निर्माण तक नहीं हुआ है। तमाम जगहों पर फिनिशिंग कार्य बाकी है।
मुख्यमंत्री के इस प्रमुखता वाले प्रोजेक्ट को पूरा करने की जिम्मेदारी लोक निर्माण विभाग के पास है। सीएम इनररिंग रोड से होटल ट्राइडेंट तिराहे के बीच ट्रैक पर साइकिल चलाएंगे। इसलिए पीडब्ल्यूडी ने इसे चमकाने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है। इससे आगे यह बदहाल है। खानापूर्ति करते हुए यहां साइकिल ट्रैक बना तो दिया है लेकिन इसका वजूद नहीं दिखाई देता। तमाम जगहों पर यह मिट्टी में दब गया है। कुछ जगहों पर लोगों ने कब्जा कर लिया है। बाह क्षेत्र में तो काफी जगहों पर अब तक ट्रैक का निर्माण तक नहीं हुआ है। बाह, पिनाहट और जैतपुर ब्लॉक के विभिन्न क्षेत्रों से होकर यह साइकिल ट्रैक गुजरेगा।
निरीक्षण के दौरान भड़के डीएम
जिलाधिकारी गौरव दयाल ने मंगलवार को बाईसकिल हाईवे का निरीक्षण किया। इसके शुभारंभ में सिर्फ तीन दिन शेष हैं लेकिन कार्य काफी बाकी रहने पर डीएम ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने पारना और नौगवां में ट्रैक की स्थिति देखी। पारना से फकीरे की मढै़या तक ट्रैक अधूरा था। सड़क भी उखड़ी थी। इस पर डीएम भड़क गए। उन्होंने पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता प्रभाकर शर्मा को समय रहते सभी कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। कई स्थानों पर साइन बोर्ड तक नहीं है।
पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
ताजमहल से इटावा की लायन सफारी तक बनने वाले इस ट्रैक के माध्यम से हेरिटेज टूरिज्म बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। लगभग 207 किमी लंबे इस ट्रैक पर ताजमहल के बाद होलीपुरा की हवेलियां, बटेश्वर के मंदिर, शौरीपुर, नौगवां का किला भी देख सकेंगे।