18 दिसंबर, 2018...यह तारीख भुलाए नहीं भूली जाएगी। इस तारीख को ताजनगरी में दिल दहला देने वाली दो वारदात हुईं। संजलि को जिंदा जलाए जाने की, जिसने देश को झकझोर दिया और बीटेक की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म की। संजलि की हत्या पर गुस्सा केवल आगरा में ही नहीं था।
फिरोजाबाद, मैनपुरी, मथुरा, एटा, कासगंज, बुलंदशहर, लखनऊ और दिल्ली में कैंडल मार्च निकाले गए। संजलि के घर महिला आयोग, एससी आयोग पहुंचे तो विपक्ष के बड़े नेताओं की भी लाइन लगी रही। विधानसभा में हंगामा हुआ।
विपक्षी दलों ने मामला लोकसभा में उठाने तक की तैयारी कर ली थी। 18 तारीख को ही न्यू आगरा में बीटेक की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म किया गया। इस घटना के चारों आरोपी पास के ही गांव बहादुरपुर के निकले।
चारों जेल जा चुके हैं। जैसे निर्भया कांड को लोग इतने दिन बाद भी 16 दिसंबर को याद करते हैं। वैसे ही संजलि की हत्या की वारदात साल 18 दिसंबर को आंखें नम करेगी। ताजनगरी में स्कूल से लौटती छात्रा को जिंदा जला दिए जाने की ऐसी वारदात पहले कभी नहीं हुई।