पुष्पेंद्र ने बताया है कि उनका बड़ा बेटा मानवेंद्र सोलंकी यूक्रेन के टर्नोपिल शहर में रह रहा है। मानवेंद्र टर्नोपिल यूनिवर्सिटी में एमबीबीएस का चौथी वर्ष का छात्र है। पुष्पेंद्र ने कहा है कि शुक्रवार दोपहर को मानवेंद्र का घर पर फोन आया था। मानवेंद्र ने परिजनों से कहा कि वह बंकर में रह रहा है। कहीं से भी कोई मदद नहीं मिल रही है। इसके बाद से ही मानवेंद्र की मां ऋचा सोलंकी ने खाना पीना छोड़ दिया है। परिजनों ने भारत सरकार से जल्द से जल्द भारतीय छात्रों को सुरक्षित भारत लाने की गुहार लगाई है।
कॉलेज के सामने बने बंकर में गुजारी रात
शमसाबाद के गांव रंजीतपुरा निवासी रामप्रकाश का पुत्र अनंत सिकरवार यूक्रेन में मेडिकल की पढ़ाई कर रहा है। अनंत ने फोन कर अपने पिता को बताया था कि बृहस्पतिवार को धमाकों के बाद कॉलेज के सामने बने बंकर में रात गुजारी है। घबराहट हो रही है। खाना भी दो दिन का बचा है। बैंक एटीएम बंद हैं। पैसे भी नहीं निकाल पा रहे हैं। परिजनों ने प्रधानमंत्री से बच्चे को सकुशल वापस लाने की अपील की है।