आवास विकास, बोदला, शास्त्रीपुरम, यमुना पार, बल्केश्वर, लोहामंडी, तोता का ताल में सड़क टूटी पड़ी हैं। ताजगंज में भी गहरे गड्ढे हैं।
पहले लॉकडाउन के कारण सड़कों की मरम्मत नहीं कराई गई। तब निगम अफसरों की दलील थी कि मजदूर नहीं मिल रहे। अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गड्ढे भरने केलिए तारीख तय की तो इस पर भी काम नहीं हुआ।
प्रदेश सरकार ने सड़कों को गड्ढा मुक्त करने के लिए 12 अक्तूबर तक का वक्त दिया लेकिन नगर निगम ने अब तक इसका काम ही शुरू नहीं किया है। मरम्मत के लिए 40 सड़कों की सूची जरूर बनाई गई है लेकिन टेंडर 20 के ही हो पाए। इस काम के लिए कुल बजट 2.5 करोड़ रुपये का रखा गया है। निगम ने काम पूरा होने की कोई तारीख भी तय नहीं की है।
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आवास विकास, बोदला, शास्त्रीपुरम, यमुना पार, बल्केश्वर, लोहामंडी, तोता का ताल में सड़क टूटी पड़ी हैं। ताजगंज में भी गहरे गड्ढे हैं। पहले लॉकडाउन के कारण सड़कों की मरम्मत नहीं कराई गई। तब निगम अफसरों की दलील थी कि मजदूर नहीं मिल रहे। अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गड्ढे भरने केलिए तारीख तय की तो इस पर भी काम नहीं हुआ।
जहां एक फुट गहरे गड्ढे, उन सड़कों पर काम नहीं
गड्ढा मुक्ति के नाम पर नगर निगम ने आनन-फानन में उन सड़कों की सूची बना दी, जिनमें एक इंच गहरा गड्ढा भी नहीं है। दूसरी तरफ शहर में 1 से 2 फुट गहरी गड्ढे वाली सड़कें हैं जिन्हें इस अभियान में शामिल नहीं किया गया। नगर निगम के पार्षदों ने ही गड्ढा मुक्ति के नाम पर किए जा रहे खेल को रोकने और जांच की मांग उठाई है।
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भदावर हाउस की सड़क जहां एक भी गड्ढा नहीं वहां का कर दिया टेंडर
- फोटो : अमर उजाला
दीवानी चौराहे से भदावर हाउस होते हुए आरबीएस कॉलेज चौराहे तक सड़क को गड्ढा मुक्त करने के लिए 5.85 लाख रुपये का टेंडर निकाला है। इस सड़क पर 1 इंच गहराई का एक भी गड्ढा नहीं है। नौबस्ता से लोहा मंडी बाजार और नौबस्ता से मदिया कटरा रोड पर 7 लाख रुपये के दो टेंडर हैं वही मदिया कटरा से न्यू राजा मंडी रोड के लिए 5.46 लाख रुपये खर्च होंगे। इस पूरी सड़क पर केवल 5 फुट लंबाई का एक गड्ढा है जिसे 5.46 लाख रुपये से भरा जाएगा।
गड्ढा मुक्ति के नाम पर खेल की जांच हो
जो सड़कें स्वीकृत हैं उनका निर्माण नगर निगम नहीं कर पाया। लेकिन गड्ढा मुक्ति के नाम पर ऐसी सड़कों को शामिल किया है, जिन का प्रस्ताव पार्षदों ने दिया ही नहीं था। यहां इंजीनियर बड़ा खेल कर रहे हैं। इनकी जांच होनी चाहिए - प्रियंका प्रजापति, पार्षद, खातीपाड़ा
गुड्डा मुक्ति के नाम पर नगर निगम के अधिकारी बजट को ठिकाने लगा रहे हैं। फंड की कमी बताकर सड़के नहीं बना रहे, दूसरी तरफ अच्छी सड़कों पर गड्ढा मुक्ति के नाम पर पैसा बर्बाद किया जा रहा है। - हेमंत प्रजापति, पूर्व पार्षद
नगर निगम के इंजीनियर गड्ढा मुक्ति के नाम पर पूरा पैसा हजम कर जाएंगे। इसकी जांच होनी चाहिए - बंटी माहौर, पार्षद, राजनगर
सूची को चेक किया जाएगा
जिन सड़कों को गड्ढा मुक्ति अभियान में शामिल किया गया है, उनकी क्या स्थिति है, इसे चेक कराया जाएगा। देखा जाएगा कि कौन सी सड़क की क्या स्थिति है। - निखिल टीकाराम फुंडे, नगर आयुक्त
सड़क खोदी जल निगम ने, बनाएगा नगर निगम
बैंक कॉलोनी से ओमेक्स मॉल वाली रोड पर 9.67 लाख का टेंडर है। इस सड़क पर जल निगम ने सीवर लाइन बिछाई है जिस पर सड़क का निर्माण भी जल निगम को ही कराना है लेकिन नगर निगम उससे पहले ही इस सड़क को गड्ढा मुक्त अभियान में शामिल कर लिया है।