फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: नकली दवाओं की सबसे बड़ी मंडी बन चुका आगरा, री-पैक कर पूरे देश में जा रहीं सैंपल की दवाएं

Sat, 08 Jun 2024 10:11 AM IST
भूपेन्द्र सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

नकली दवाओं की सबसे बड़ी मंडी बन चुके आगरा से री-पैक कर पूरे देश में सैंपल की दवाएं भेजी जा रहीं हैं। 60 कंपनियों की सैंपल की दवाएं जिले में जब्त हो चुकी हैं।
विज्ञापन
दवाएं। (सांकेतिक) - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तर प्रदेश का आगरा नकली दवाओं की सबसे बड़ी मंडी बन चुका है। यहां मरीजों की जान से खिलवाड़ के कई काम हो रहे हैं। किडनी, हृदय रोग, कैंसर, लिवर जैसे रोगों की नकली दवाएं पूरे देश में भेजी जा रही हैं। वहीं सैंपल की दवाओं को री-पैक करके अलग-अलग राज्यों में भी भेजा जा रहा है। 60 कंपनियों की सैंपल की दवाएं जिले में जब्त हो चुकी हैं।

विज्ञापन


दवा बाजार के राजेंद्र सिंह का कहना है कि दवाओं की दुकान पर आपने नॉट फॉर सेल लिखे हुए दवाओं के रैपर देखे होंगे। सैंपल की दवाओं का यह अवैध धंधा जिले में जबरदस्त पनप रहा है। शहर के फव्वारा बाजार, सिंगी गली, कोतवाली क्षेत्र के मोहल्लों से सैंपल की दवाएं बेची जा रही हैं। सैंपल की दवाओं पर लिखा हुआ नॉट फॉर सेल की मुहर और स्टीकर केमिकल से मिला दी जाती हैं। इसकी जगह दवा के दाम को उसी तरह की स्याही से प्रिंट कर दिया जाता है।

रडार पर 100 लोगों का गिरोह

तुर्की, मिस्र और सीरिया से आ रही कैंसर की नकली दवाओं की आगरा में सप्लाई हो रही थी। दिल्ली पुलिस ने सीरिया के नागरिक को चार करोड़ रुपये की दवाओं के साथ गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया कि तीन साल से नकली दवाएं बनाकर आगरा समेत देश के अन्य शहरों में सप्लाई की जा रही थीं।

नकली के साथ आगरा सैंपल की दवाओं का बड़ा गढ़ बन चुका है। एसटीएफ के छापे में सिंगी गली में 60 कंपनियों की सैंपल की दवाएं 108 बोरों में जब्त की जा चुकी हैं। इनमें दवा कंपनी, एमआर और हाॅकर सहित 100 से अधिक लोगों का गिरोह पता चला था। यह उन दवाओं के सैंपल ज्यादा री-पैक करके बेचते हैं, जिनकी मांग ज्यादा है। इनमें एंटीबायोटिक, सिरप, मल्टीविटामिन, आयरन सिरप ज्यादा हैं।

सीबीआई से जांच की मांग

आगरा में सैंपल के साथ नकली दवाओं का काम हो रहा है। हमने सीबीआई से जांच की मांग की है, लेकिन कोई जांच नहीं हुई, जबकि कहीं भी नकली दवा पकड़ी जाए, उसका आगरा कनेक्शन जरूर निकलता है। हम फिर से जांच के लिए पत्र भेज रहे हैं। -आशु शर्मा, अध्यक्ष (आगरा जिला केमिस्ट एसोसिएशन)

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें