आगरा। थाना शाहगंज में महिला और उसके दूसरे पति पर झूठे तथ्यों, शपथपत्र और कूटरचित दस्तावेज के आधार पर विवाह पंजीकरण कराने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की गई है। अलीगढ़ निवासी संजय कुमार वार्ष्णेय ने मामले में पुलिस आयुक्त दीपक कुमार से शिकायत की थी।
संजय ने बताया कि उनके पुत्र प्रखर का विवाह 24 नवंबर, 2017 को बाराबंकी घंटाघर निवासी आयुषी गुप्ता के साथ हुआ था। 13 फरवरी, 2021 को पुत्र श्रेष्ठ का जन्म हुआ। कोविड संक्रमण के चलते 10 मई, 2021 को प्रखर की मृत्यु हो गई। आरोप है कि इसके बाद आयुषी गुप्ता ने 20 अप्रैल, 2025 को भरत गुप्ता (निवासी निर्भय नगर, गैलाना रोड) के साथ अपने पूर्व विवाह और संतान की जानकारी छिपाकर दूसरा विवाह कर लिया।
उन्होंने बताया कि 11 अगस्त, 2025 को सदर तहसील में विवाह पंजीकरण कराते समय स्वयं को अविवाहित दर्शाते हुए झूठा शपथपत्र प्रस्तुत किया। आयुषी ने नगर निगम अलीगढ़ में जन्म अभिलेख में भी बदलाव कराया और बच्चे का नाम श्रेष्ठ गुप्ता दर्ज करा दिया। स्कूल के दस्तावेज में भी पिता का नाम बदलकर भरत गुप्ता अंकित कराया। मामले में नगर आयुक्त अलीगढ़ ने संबंधित लिपिक पर कार्रवाई कर प्राथमिकी दर्ज कराई है। उप निबंधक कार्यालय से भी नोटिस जारी किया गया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले की जांच की जा रही है।