मध्य प्रदेश के ग्वालियर जंक्शन स्टेशन पर इंदौर-अमृतसर एक्सप्रेस में लूट के मामले में रेलवे पुलिस की बड़ी लापरवाही सामने आई है। ट्रेन जब आगरा कैंट रेलवे स्टेशन पर पहुंची तो यात्रियों ने जमकर हंगामा किया। उनका कहना था कि ट्रेन में चलने वाला स्क्वैड काफी देर से आया।
कुछ यात्रियों ने घटना की जानकारी के लिए जीआरपी के हेल्पलाइन नंबर भी कॉल किया मगर किसी ने नहीं उठाया। आगरा कैंट पर आरपीएफ व जीआरपी के अधिकारियों के समझाने पर यात्री शांत हुए। इसके बाद ट्रेन को दिल्ली के लिए रवाना किया जा सका।
सीओ जीआरपी योगेश पाठक ने बताया कि इंदौर अमृतसर एक्सप्रेस में हुई घटना के संदर्भ में एक मुकदमा आगरा कैंट, तीन मुकदमे मथुरा जीआरपी थाने और चार मुकदमे निजामुद्दीन जीआरपी में दर्ज कराए गए हैं।
एसपी जीआरपी नितिन तिवारी का कहना है कि ग्वालियर में एक ट्रेन के कुछ कोचों में छीनाझपटी की शिकायतें मिली हैं। इनकी जांच को मुकदमा दर्ज करके ग्वालियर भेजा जाएगा। ट्रेनों में सतर्कता बढ़ा दी गई है।
ये था पूरा मामला
लूट
- फोटो : अलीगढ़/ब्यूरो
इंदौर अमृतसर एक्सप्रेस में ग्वालियर स्टेशन के आउटर पर बुधवार-गुरुवार की मध्यरात्रि में बदमाशों ने धावा बोल दिया। इंदौर से अमृतसर जा रही ट्रेन रात 1.45 बजे ग्वालियर स्टेशन पर रुकी थी। ट्रेन की एस-4 बोगी में भाजपा के पूर्व महानगर मंत्री नौलक्खा, ग्वालियर रोड निवासी बीके गुप्ता अपनी पत्नी हिमानी गुप्ता समेत परिवार के पांच सदस्यों के साथ देवास से शादी समारोह से लौट रहे थे।
उन्होंने बताया कि रात्रि तकरीबन दो बजे ट्रेन जैसे ही ग्वालियर के आउटर पर पहुंची, तभी उनकी बोगी में तीन बदमाश घुस आए। उन्होंने चाकू दिखाकर यात्रियों को धमकाया और उनकी पत्नी के हाथ से बैग छीन लिया। बैग में जेवरात और आठ हजार की नगदी थी। इसी तरह सात-आठ अन्य बदमाशों ने बोगी संख्या एस-3, एस-5, एस-6, एस-7, एस-8 और एस-10 में भी 15-16 यात्रियों के साथ लूटपाट की।
चीखपुकार होने पर चेन पुलिंग की गई, लेकिन बदमाश बाउंड्रीवाल फांदकर भाग निकले। घटना की सूचना पर ग्वालियर से जीआरपी पहुंची थी, यात्रियों ने तहरीर दी हैं। ट्रेन के सुबह छह बजे आगरा कैंट पहुंचने पर यात्रियों ने स्टेशन मास्टर को जानकारी दी। भाजपा नेता गुप्ता ने आगरा कैंट थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।