बाह। पारना के जनसेवा केंद्र का संचालक साइबर ठगी में संलिप्त मिला है। मामले में केंद्र संचालक के खिलाफ चित्राहाट थाने में उप निरीक्षक की तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। साइबर ठगी के तार हरियाणा और महाराष्ट्र तक से जुड़े मिले हैं।
चित्राहाट थाने में दर्ज कराई प्राथमिकी में उपनिरीक्षक हरिओम ने कहा है कि एनसीआरपी (राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग) पोर्टल एवं प्रतिबिंब (साइबर अपराधों से निपटने और अपराधियों को पकड़ने के लिए विकसित प्रणाली) के माध्यम से निगरानी के दौरान जानकारी मिली कि पारना टंकी के पास साइबर कैफे एवं जनसेवा केंद्र का संचालक देवेश कुमार निवासी गांव पुरा बीरवल अनजान लोगों से बातचीत कर अपने खाते में रुपये डलवाता है। उससे पूछताछ की तो उसने मना कर दिया, मांगे जाने पर अपना बैंक खाता नंबर दिया। एनसीआरपी पोर्टल पर खाते की जांच करने पर पता चला कि सिरसा हरियाणा एवं कोल्हापुर महाराष्ट्र के करवीर में साइबर अपराध की शिकायतें दर्ज हैं। जिससे देवेश कुमार की साइबर अपराध में लिप्तता के साक्ष्य मिले हैं। चित्राहाट पुलिस ने धोखाधड़ी किए जाने की धारा में प्राथमिकी दर्ज कर ली है। थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।