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Agra: मानहानि में फंसे इंटर कॉलेच के प्रधानाचार्य, कोर्ट में हाजिर होने के आदेश

Fri, 02 Jun 2023 11:42 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, आगरा

सार

वादी मृतक आश्रित कोटे के आधार पर साकेत इंटर कॉलेज में सहायक लिपिक के पद पर कार्यरत है। तत्कालीन प्रधानाचार्य ओमप्रकाश शर्मा वादी के साथ गलत व्यवहार करते थे।
 
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court new - फोटो : istock
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विस्तार
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आगरा के  साकेत इंटर कॉलेज के सहायक लिपिक राजेश शर्मा ने कोर्ट में कार्यवाहक प्राचार्य रामानुज कटियार, पूर्व प्राचार्य ओम प्रकाश शर्मा, रामप्रकाश और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के खिलाफ मानहानि का वाद प्रस्तुत किया। कोर्ट ने उन्हें तलब कर 5 जुलाई 2023 को कोर्ट में हाजिर होने के लिए आदेश दे दिए।

ये है मामला 

साकेत इंटर कॉलेज के सहायक लिपिक वादी राजेश शर्मा ने कोर्ट में अधिवक्ता राकेश भटेले के माध्यम से वाद प्रस्तुत किया। बताया कि वादी हाईकोर्ट के आदेश पर 22 मार्च 1993 से मृतक आश्रित कोटे के आधार पर साकेत इंटर कॉलेज में सहायक लिपिक के पद पर कार्यरत है। तत्कालीन प्रधानाचार्य ओमप्रकाश शर्मा वादी के साथ गलत व्यवहार करते थे। वादी के पिता भी इसी कॉलेज में वरिष्ठ प्रवक्ता थे। 1973 में ओमप्रकाश शर्मा ने फर्जी मार्कशीट व कूट रचित दस्तावेज के आधार पर 1989 में पिता के अधिकारों हनन कर प्रधानाचार्य का पद हथिया लिया था। इससे वादी के पिता की मानसिक तनाव के कारण 14 अक्तूबर 1990 में मौत हो गई। इसकी जांच लंबित है। 
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वादी को उठाना पड़ा आर्थिक नुकसान

नियुक्ति के समय से ही ओम प्रकाश शर्मा, रामानुज कटियार, रामप्रकाश परेशान करते हैं। ये सब मिलकर झूठे शिकायत पत्रों के आधार पर मेरी लगातार जांच करा रहे हैं। अब तक पांच जिला विद्यालय निरीक्षकों व दो जांच प्रशासन के अधिकारियों द्वारा की जा चुकी है। इसके बावजूद आरोपियों की झूठी शिकायतों से से बचने के लिए बार-बार जांच अधिकारियों के समक्ष उपस्थित होकर अपनी सफाई प्रस्तुत करनी पड़ती है। इससे वादी को आर्थिक नुकसान के साथ आरोपियों के कृत्य से परिवादी को सामाजिक क्षति हुई है। इससे शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ में कोई पद प्राप्त नहीं कर सका तथा समाज के लोग भी बुरी नजर से देखते हैं। शिकायतों के कारण प्रोन्नति तक नहीं हो सकी।
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