अल्ट्रासाउंड के लिए 10 अक्तूबर की तारीख मिली
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आगरा के लेडी लॉयल (महिला अस्पताल) में गर्भवती महिलाओं को अल्ट्रासाउंड के लिए चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। यहां 40 से 50 दिन का इंतजार करना पड़ रहा है। हालत बिगड़ने पर कई गर्भवती प्राइवेट सेंटरों पर अल्ट्रासाउंड कराने को मजबूर हैं।
लेडी लॉयल की ओपीडी से रोजाना औसतन 60 से 70 गर्भवती महिलाओं को अल्ट्रासउंड कराने के लिए भेजा जाता है। इनमें से 40 से 45 मरीजों का ही अल्ट्रासाउंड हो पा रहा है। इसके लिए भी तीन से चार घंटे इंतजार करना पड़ रहा है। भीड़ अधिक होने और पीड़ा होने पर अल्ट्रासाउंड नहीं हो पाने की स्थिति में सात से 10 गर्भवती महिलाओं को प्राइवेट सेंटरों पर अल्ट्रासाउंड कराना पड़ रहा है।
अल्ट्रासाउंड के लिए एक ही चिकित्सक
लेडी लॉयल में अल्ट्रासाउंड के लिए एक ही रेडियोलॉजिस्ट है, इस कारण एक ही मशीन संचालित है। 2018 में एक चिकित्सक संविदा पर तैनात थे, लेकिन इनकी संविदा की नवीनीकरण नहीं की, जिससे एक ही मशीन से अल्ट्रासाउंड हो रहा है, इस कारण प्रतिक्षा एक महीने से भी ज्यादा की हो गई है।