उन्होंने कहा मैं जीवन छोड़ सकता हूं, राम को नहीं छोड़ सकता। हिंदू जनता से विश्वासघात नहीं कर सकता। हम 20 करोड़ लोगों से हिंदू मांग पत्र पर हस्ताक्षर ले रहे हैं और 21 अक्तूबर को लखनऊ से अयोध्या कूच करेंगे।
हमारी मांग है कि वादा का पालन करो या सत्ता छोड़ो? संसद में कानून बनाकर मंदिर बनाओ। हम राम मंदिर और राम राज्य की बात कर रहे हैं। यह आरएसएस और भाजपा के कार्यकर्ताओं के मन की बात है।
उन्होंने कहा कि 2019 का नारा होगा अबकी बार हिंदुओं की सरकार। किसानों की सरकार और युवा रोजगार दिलाने की सरकार। आरएसएस प्रमुख के बयान पर उन्होंने कहा कि वे सत्ता के साथ विचारधारा बदल रहे हैं। हिंदुओ के बिना देश में कुछ भी नहीं है।
देश की सीमा पर सैनिकों के शहीद होने पर आक्रोश जताते हुए उन्होंने कहा कि अब मोदी का 56 इंच का सीना कहां है? पाक को मोस्ट फेवरेट नेशन बताने वाले मोदी को सैनिकों की शहादत याद नहीं है।
आरएसएस कार्यकर्ता कर रहे समर्थन
डा. प्रवीण तोगड़िया ने कहा कि आरएसएस के कार्यकर्ता समर्थन कर रहे हैं। आरक्षण को लेकर वे बोले कि देश में सस्ती शिक्षा और रोजगार सुलभ हो तो आरक्षण की जरूरत नहीं पड़ेगी, लेकिन मोदी ने जीडीपी बढ़ाने के चक्कर में एफडीआई को प्रवेश दे दिया। इससे बेरोजगारी बढ़ गई है।