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एकजुट रहो, बटोगे नहीं तो हुकूमत करोगे: नसीमुद्दीन

Thu, 29 Sep 2016 12:35 AM IST
एकजुट रहो, बटोगे नहीं तो हुकूमत करोगे: नसीमुद्दीन
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रामपुर के शाहबाद के रामलीला मैदान में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित करते नसीमुद्दीन सिद्दीकी। अमर उजाला
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 दलित मुस्लिम समीकरण के जरिए सूबे की सत्ता में फिर वापसी की उम्मीदें लगा रही बसपा मुसलमानों के वोट विभाजन को रोकने की कवायद में जुटी है। बसपा महासचिव नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने ताजनगरी के उत्तरी और दक्षिणी विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ता सम्मेलन में मुस्लिमों को भाजपा की सत्ता का डर दिखाकर वोट मांगे। कहा कि 2012 की तरह अगर वोट न बटे तो यूपी में वह हुकूमत करेंगे।
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35 मिनट के भाषण के दौरान बसपा महासचिव नसीमुद्दीन सिद्ीकी सूरसदन के कार्यकर्ता सम्मेलन में 20 मिनट भाजपा और मोदी सरकार पर बरसे। सिद्दीकी ने कहा कि भाजपा घर वापसी, लव जेहाद, बीफ और अब गौकशी के मुद्दे उठाकर हमारे खिलाफ अभियान चला रही है। दादरी के अखलाक को निर्दोष बताते हुए सिद्दीकी ने सपा सरकार में मुजफ्फर नगर दंगे की याद दिलाते हुए मुस्लिमों से बसपा को चुनने को कहा। दक्षिण विधानसभा सीट के पुराने प्रत्याशी रहे बरकत अली को उन्होंने बसपा आगरा अलीगढ़ मंडल के मुस्लिम समाज के कोआर्डिनेटर पद की जिम्मेदारी देकर नाराजगी दूर करने का प्रयास किया। सम्मेलन में बसपा जोन कोआर्डिनेटर सुनील कुमार चित्तौड़, रामकुमार कुरील, आजाद सिंह तथा बसपा विधायक डा. धर्मपाल सिंह, सूरजपाल सिंह, कालीचरन सुमन, भगवान सिंह कुशवाह मौजूद रहे।

जशोदाबेन के अच्छे दिन लाओ मोदी जी
स्वाति सिंह के केस के बाद संभल कर बोल रहे नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि पत्नी को छोड़कर उनके तीन रिश्ते हैं। मां, बहन और बेटी का। इस  लिहाज से जशोदा बेन मेरी बहन हैं। मोदी जी, उनके अच्छे दिन क्यों नहीं आए। जब अपनी बीबी के नहीं हो सके तो हमारे क्या होंगे मोदी जी। उनके 56 इंच के सीने वाले बयान पर तंज कसा।
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तेजपात के पत्ते से की मुस्लिमों की तुलना
आगरा। बसपा महासचिव नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने मुस्लिमों की तुलना बिरयानी में तेजपात के पत्ते से की जो जायका तो बढ़ाता है, लेकिन खाने से पहले ही प्लेट से निकालकर फेंक दिया जाता है। सपा ने 2012 के घोषणा पत्र में अल्पसंख्यक आरक्षण का वादा किया, लेकिन साढ़े चार साल में कोई कदम नहीं उठाया। इसी आगरा से मुस्लिमों ने पूरे मुल्क पर तीन सौ साल राज किया है।
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