आगरा के थाना शाहगंज के मल्ल का चबूतरा क्षेत्र के मेवाती गली निवासी ट्रांसपोर्टर असगर अली की संदिग्ध मौत के मामले में जीएसटी की सहायक आयुक्त, उसके पति समेत अन्य पर हत्या का आरोप लगाने के बाद परिजन ने सोमवार को भी तहरीर नहीं दी है। पुलिस की जांच अब तहरीर के इंतजार में रुक रही है।
ट्रांसपोर्टर असगर अली का शव शनिवार को मल्ल का चबूतरा क्षेत्र में मिला था। परिजन के आरोप लगाने पर पुलिस ने चिकित्सकों के पैनल से पोस्टमॉर्टम कराया था। परिजन ने साजिश के तहत जयपुर माल डिलीवर करने जाने के समय शुक्रवार रात फतेहपुर सीकरी टोल के पास ट्रक रुकवाकर जीएसटी कार्यालय ले जाने का आरोप लगाया था।
बेटे अब्दुल का कहना था कि असगर अली ने जीएसटी की सहायक आयुक्त के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायत की थी। शिकायत वापस लेने के लिए पिता को धमकाया जा रहा था। सहायक आयुक्त ,उसके पति और अन्य गुर्गों ने साजिश के तहत पिता की हत्या की है। पुलिस ने सीसीटीवी की फुटेज परिजन को दिखाई थी। उसमें असगर अली को एक कार की टक्कर लगना दिखाई दे रहा था। पुलिस जालौन के नंबर की कार और चालक की तलाश कर रही है।
तहरीर देने पर होगी आगे की कार्रवाई
वहीं प्रकरण में शिकायत करने के लिए परिजन रविवार को थाना पहुंचे थे, पर उन्होंने आपस में बातचीत के बाद सोमवार को तहरीर देने को कहा था। सोमवार रात तक परिजन तहरीर देने नहीं पहुंचे। किसी से संपर्क भी नहीं किया। मामले में एसीपी लोहामंडी गौरव सिंह ने बताया कि परिजन ने अभी तक तहरीर नहीं दी है। पुलिस अपने स्तर से हादसा मानते हुए जांच कर रही है। परिजन तहरीर देंगे तो कार्रवाई आगे बढ़ाई जाएगी।