एटा के जसरथपुर थाना क्षेत्र के गांव फर्दपुरा में शादी के दौरान रंग डालने की बात को लेकर विवाद हो गया था। फायरिंग में दुल्हन की बड़ी बहन की मौत हो गई थी। शनिवार उसके शव का पोस्टमार्टम हुआ था। परिजन शव को लेकर ससुराल चले गए। रविवार को गंगा घाट पर अंतिम संस्कार किया गया। इससे पहले बहन के अंतिम दर्शन करने के लिए नवविवाहित छोटी बहन उसके घर पहुंची।
गांव फर्दपुरा में राधेश्याम की बेटी ललिता की शादी शुक्रवार को हुई थी। बरात फतेहगढ़ के मेहरूपुर सैजु ग्राम पंचायत के आजाद नगर से आई थी। शनिवार सुबह मंडल में बरातियों पर रंग डालने की बात को लेकर विवाद हो गया था। मामला बढ़ने पर गांव के लोगों ने लाठी-डंडों से हमला कर दिया। वहीं तमंचों से की गई फायरिंग में दुल्हन की बड़ी बहन सुधा की मौत हो गई। जबकि गोली लगने से उसके फूफा रविंद्र घायल हो गए थे। सुधा का शव ससुरालीजन फर्रुखाबाद जनपद के कमलागंज थाना क्षेत्र के गांव चंदुईया ले गए थे। शनिवार को विदा होकर अपनी ससुराल पहुंची ललिता भी बहन के अंतिम दर्शन करने के लिए उसके घर पहुंची।
गांव में सर्किल क्षेत्र की पुलिस तैनात, दो आरोपी गिरफ्तार
गांव में तनाव की स्थिति को देखते हुए पूरे अलीगंज सर्किल क्षेत्र की पुलिस तैनात की गई है। वहीं पुलिस के जवान पीड़ित परिवार के घर के बाहर तैनात हैं। जसरथपुर थानाध्यक्ष श्रवण कुमार निगम ने बताया कि आरोपी नीलेश व संतराम को अलीगंज के पास से गिरफ्तार कर लिया है। अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही हैं।