चार साल पूर्व थाना औंछा क्षेत्र में पांच वर्षीय पुत्र की जमीन पर पटककर हत्या करने के मामले में पिता को दोषी मानते हुए अपर जिला जज तृतीय पूनम ने पांच साल के कारावास की सजा सुनाई है। दोषी पिता पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे एक साल की अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
विगत छह जुलाई 2016 को जिला फिरोजाबाद के थाना जसराना के पहाड़पुर निवासी हुसयार सिंह अपनी पत्नी ललिता देवी पांच साल के पुत्र पवन और पुत्री सुहार्थी के साथ औंछा में अपनी साली के पुत्र की लग्न समारोह में शामिल होने आया था। पत्नी से विवाद के बाद वह अपने पुत्र पवन को लेकर पैदल ही अपने गांव की ओर चला गया। रास्ते में प्राथमिक विद्यालय अमहापुर केे पास हुसयार ने पुत्र पवन की जमीन पर पटककर हत्या कर दी। मामले में ललिता ने पति हुसयार सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई।
पुलिस ने जांच केे बाद कोर्ट में चार्जशीट पेश की। मुकदमे की सुनवाई अपर जिला जज तृतीय पूनम के कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की ओर से वादी, विवेचक, चिकित्सक सहित गवाहों ने घटना के समर्थन में गवाही दी। गवाही के आधार पर अपर जिला जज तृतीय पूनम ने हुसयार को अपने पुत्र की हत्या करने का दोषी माना। अपर जिला जज ने हुसयार को पांच साल के कारावास की सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष की पैरवी सहायक शासकीय अधिवक्ता संजीव चौहान और अशोक कुमार यादव ने की।
जेल में बिताई अवधि होगी समायोजित
पुत्र की हत्या में वारदात के बाद से जेल में बिताई गई हुसयार की सजा में शामिल की जाएगी। अपर जिला जज पूनम ने आदेश में लिखा हुसयार द्वारा मामले में जेल में बिताई गई अवधि को नियमानुसार सजा में समायोजित किया जाएगा।