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ट्रंप के जाने के बाद ही होगी हाय-हैलो, नहीं बजेगी मोबाइल की घंटी, जमीन से आसमान तक कड़ी चौकसी

Fri, 21 Feb 2020 12:30 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

108 संवेदनशील इलाकों में तैनात की जाएगी फोर्स
125 छतों पर पुलिस तैनात की जाएगी
150 कट हैं रूट पर, सभी पर पुलिस रहेगी।
19 चौराहे हैं, सभी पर ड्यूटी लगेगी।
10 ड्रोन कैमरे लगाए जाएंगे निगरानी केलिए
 
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डोनाल्ड ट्रंप - फोटो : पीटीआई
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विस्तार
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आगरा में 24 फरवरी को दोपहर ढाई से शाम के साढ़े सात बजे तक खेरिया से ताजगंज तक के लोगों के मोबाइल फोन बंद रहेंगे। इन्हेंमोबाइल जैमर से बंद रखा जाएगा। ट्रंप के आने से दो घंटे पहले ही जैमर काम करना शुरू कर देंगे।
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स्थानीय पुलिस और अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों के जैमर एक साथ काम करेंगे। इसके लिए 24 से पहले एक बार ट्रॉयल भी किया जा सकता है। प्रशासन पांच घंटे के लिए इस इलाके के मोबाइल टॉवर बंद कराने पर भी विचार कर रहा है।

23 को रिहर्सल, खाली रखा जाएगा रास्ता
आगरा। ट्रंप के आने से एक दिन पहले फ्लीट का रिहर्सल होगा। फ्लीट के गुजरने और वापस आने तक खेरिया से ताज तक का 15 किमी. का रास्ता रोका जाएगा। इससे पहले लखनऊ से पुलिस और प्रशासन के अधिकारी आकर पूरे रूट का जायजा ले सकते हैं। इस रूट के लोगों को 22, 23 और 24 को परेशानी झेलनी होगी।
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अध्यापकों का भी होगा सत्यापन
इस रूट पर कई विद्यालय हैं जिनमें परीक्षाएं चल रही हैं। पुलिस ने इनकी सूची बनाई है। इनसे अध्यापकों का सत्यापन होगा। अध्यापकों के माध्यम से परीक्षार्थियों की सूची तैयार कराई जाएगी।

एंटी एयूवी सिस्टम लगेगा... विमानों से भी होगी निगरानी
ट्रंप की सुरक्षा के लिए सिर्फ स्थानीय स्तर पर इंतजाम नहीं किए जा रहे हैं बल्कि प्रदेश और केंद्र के गृह विभाग भी कई कदम उठा रहे हैं। स्थानीय स्तर पर एक और कदम यह उठाया गया है कि शहर के सभी संवेदनशील इलाकों में फोर्स तैनात की जाएगी।

एनएसजी एंटी अनमेन्ड एयर व्हीकल डिफेंस सिस्टम लगाएगा। जल्द ही एयरफोर्स हवा से निगरानी शुरू कर सकती है। अमेरिका से आई अफसरों की एडवांस टीम सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाने पर काम कर रही है।

आगरा में ऐसे विमान तैनात हैं जो किसी भी खतरे से पहले वार्निंग और दूर तक नजर रखने का काम करते हैं। 20 साल पहले जब अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति बिल क्लिंटन आए थे। तब वायुसेना ने हवा में निगरानी की थी। माना जा रहा है कि इस बार इनका प्रयोग किया जाएगा।
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एंटी एयूवी डिफेंस सिस्टम ऐसा सिस्टम है जो हवा में ड्रोन जैसे मानवरहित विमान का पता चलते ही उसे निष्क्रय कर देता है। स्थानीय स्तर पर भी सुरक्षा का घेरा बढ़ा दिया गया है। एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद के नेतृत्व ने एक टीम ने मंगलवार को सफाई, सड़क मरम्मत आदि काम में लगे कर्मचारियों और मजदूरों का सत्यापन कर रिपोर्ट तैयार की।

सीएए के विरोध की आशंका के मद्देनजर पुलिस ने संवेदनशील इलाकों के लिए जो प्लान बनाया था। उस पर फिर से काम शुरू किया है। इसमें शहर के 108 इलाकों में पुलिस तैनात की जाएगी। तीन दिन बाद ही बाहर से फोर्स आनी शुरु हो जाएगी। तब इसे सख्ती से लागू किया जाएगा।

छत पर ईंट पत्थर है तो हटा लें, ड्रोन देख लेगा
खेरिया से ताजगंज तक 15 किमी. क्षेत्र के लोगों की छत पर अगर ईंट या पत्थर रखे हों तो लोग उन्हें खुद ही हटा लें, वरना दिक्कत में आ सकते हैं। दरअसल, दो दिन में ही 10 ड्रोन कैमरों से इन सभी छतों का जायजा लिया जाएगा। इसके बाद ये ड्रोन कैमरे 24 तक निगरानी रखेंगे।
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