किशोरी के पिता ने बताया कि उसकी पुत्री को लवकुश निवासी राजपुर थाना सकरौली 14 अगस्त को फुसलाकर ले गया था। इस मामले की रिपोर्ट आरोपी के खिलाफ दर्ज कराई थी। इसके बाद पुलिस ने पुत्री को तो बरामद कर लिया लेकिन आरोपी अभी फरार है।
आरोप है कि गुरुवार को पुलिस ने आरोपी के चाचा को हिरासत में ले लिया। शुक्रवार की सुबह लेनदेन करके उसे छोड़ दिया गया। इस मामले में भी किशोरी के पिता की ओर से एएसपी ओपी सिंह को तहरीर दी गई है। इसमें प्रभारी निरीक्षक को दोषी बनाते हुए उनके विरुद्ध मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है।
थाने में पूर्व विधायक कुबेर सिंह अंगरिया, भाजपा नेता धर्मेंद्रपाल उर्फ राजू, नवीन दीक्षित, रवेंद्र वार्ष्णेय, संजीव वार्ष्णेय आदि अन्य भाजपाई दो घंटे तक बैठे रहे। वे थानाध्यक्ष के खिलाफ कार्रवाई और किशोरी की बरामदगी की मांग कर रहे थे। बाद में अफसरों के आश्वासन पर मामला शांत हो गया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) सुनील कुमार सिंह ने कहा कि थाना अवागढ़ पुलिस की हिरासत से किशोरी के भाग जाने और थाना के घेराव के बाद थाना प्रभारी केके बालियान और महिला सिपाही अनुराधा को निलंबित कर दिया गया है।
थाना अवागढ़ प्रभारी निरीक्षक के पद पर अलीगंज में तैनात क्राइम इंस्पेक्टर विजय प्रताप सिंह को नियुक्ति किया गया है। किशोरी की बरामदगी के लिए क्राइम ब्रांच और स्वॉट टीम को लगाया गया है। जल्द ही उसकी बरामदगी कर ली जाएगी।