सैनिक के लिए भारत माता से बढ़कर कुछ भी नहीं
- दुर्गा वाहिनी की सदस्यों ने एनसीसी बटालियन में रक्षासूत्र बांधे
संवाद न्यूज एजेंसी
मैनपुरी। देश की सीमा की रखवाली करने वाले सैनिक के लिए भारत माता से बढ़कर कुछ भी नहीं है। सैनिक देश की सीमा की रक्षा के लिए अपनी जान की बाजी तक लगा देता है। वह भारत माता को अपनी मां और बहिन के बराबर ही सम्मान देता है। यह बात एनसीसी बटालियन सूबेदार केआर रोका ने रविवार को बटालियन परिसर में हुए कार्यक्रम में कहीं।
श्री चित्रगुप्त महाविद्यालय में रविवार को दुर्गा वाहिनी की जिला संयोजिका अपूर्वा दलेला ने एनसीसी बटालियन पहुंचकर कार्यक्रम किया। बटालियन के सदस्यों को रक्षा सूत्र बांधकर उनसे रक्षा करने का संकल्प लिया। जिला संयोजिका ने कहा कि एनसीसी हमको देश प्रेम की सीख देती है। एनसीसी से अनुशासन और देश प्रेम की भावना बढ़ती है। एनसीसी एक ऐसा मंच है जिसमें शामिल होकर देश प्रेम का खून रगों में दौड़ने लगता है।
सूबेदार हेम बहादुर राना ने कहा कि सिविलियन को भी अपने अंदर देशप्रेम की भावना जगानी चाहिए। देश प्रेम के लिए हमको अपने बच्चों को संस्कार देने चाहिए। हमको रक्षासूत्र का महत्व भी समझना चाहिए। युवा पीढ़ी को रक्षासूत्र का महत्व बताना चाहिए। हम सभी को देश की सीमा की तरह ही अपनी मां और बहिन की रक्षा भी करनी चाहिए। एनसीसी बटालियन के हवलदार अनूप, विकास, दुर्गा वाहिनी की प्रगति यादव, नंदनी सक्सेना, अंजली यादव, पलक दुबे, माही शर्मा मौजूद रहीं।