मतदान केंद्र के बाहर मतदाताओं की कतार
- फोटो : अमर उजाला
लोकतंत्र के महापर्व में गुरुवार को कान्हा की नगरी में जबरदस्त उत्साह दिखा। इसकी बानगी सुबह से ही मतदान केंद्रों पर देखने को मिली। जिले में सुबह सात बजे से ही पोलिंग बूथों के बाहर मतदाताओं की लंबी कतारें लग गईं। शाम छह बजे तक जमकर वोट बरसे।
लोकसभा चुनाव में भागीदार बनने के लिए मतदान केंद्रों पर सुबह से मतदाता पहुंचने लगे। मौसम भी अच्छा रहा तो कई मतदाता तो मॉर्निंग वॉक से सीधे बूथ पर पहुंच गए। कई मतदाता ऐसे थे, जिन्होंने द्वारिकाधीश के दर्शन करने के बाद बूथ का रुख किया।
मतदान को लेकर जिले में कड़े सुरक्षा प्रबंध किए गए थे। पुलिस प्रशासन ने मतदान के लिए सुरक्षा के चौकस इंतजाम किए थे। केंद्रीय सुरक्षा बलों की 25 कंपनियों ने मोर्चा संभाला। तीन हजार सिविल पुलिस और 4 हजार होमगार्ड भी केंद्रों पर तैनात रहे।
पोलिंग बूथ के बाहर मतदाताओं की कतार
- फोटो : अमर उजाला
जिले के कुछ पोलिंग बूथों पर करीब आधे घंटे देर से मतदान शुरू हुआ। वहीं गोवर्धन के गांव गांठोली के बूथ संख्या 46 में तकनीकी खराब होने ईवीएम बंद हो गई। इससे मतदाताओं में आक्रोश देखा गया। हालांकि बाद में ईवीएम को ठीक कर लिया गया।
मथुरा लोकसभा सीट पर भाजपा से हेमामालिनी, रालोद से कुंवर नरेंद्र सिंह, कांग्रेस से महेश पाठक समेत 13 प्रत्याशियों की किस्मत दांव पर है। जिले के 17.86 लाख मतदाताओं ने अपने मतों का प्रयोग कर इनकी किस्मत की लिखी है। 23 मई को फैसला होगा।
मथुरा में 19139 मतदाताओं ने पहली वार मतदान किया। यह मतदाता 18 से 19 आयु वर्ग के हैं। इन्हें पिछले दिनों चले निर्वाचक नामावलियों में नाम बढ़वाने के दौरान मतदाता बनने का मौका मिला था। इसमें सबसे अधिक मतदाता मथुरा विधानसभा क्षेत्र से हैं।
मतदान के लिए सुरक्षा घेरा
- केंद्रीय सुरक्षा बल की 25 कंपनियां
- 3000 सिविल पुलिस के जवान
- 4000 होमगार्ड
- पीएसी की छह कंपनियां
- 60 प्रतिशत बूथ केंद्रीय बल के घेरे में
- 218 सेक्टर मजिस्ट्रेट
- 35 जोनल मजिस्ट्रेट
जिले में मतदाताओं की संख्या-1786187
पुरुष मतदाता -970318