सहायक आयुक्त औषधि ने गर्भपात किट की कालाबाजारी करने पर एके इंटरप्राइजेज और इसके गोदाम का लाइसेंस निरस्त कर दिया है। इस पर ड्रग एंड कॉस्मेटिक एक्ट के तहत मुकदमा भी दर्ज होगा। हरियाणा-राजस्थान में भ्रूण हत्या गैंग को गर्भपात किट की कालाबाजारी की शिकायत पर औषधि विभाग ने 10 दिसंबर को फव्वारा स्थित एके इंटरप्राइजेज पर छापा मारा था।
इस दौरान वहां के कंप्यूटर की हार्डडिस्क जब्त की गई थी। औषधि निरीक्षक नरेश मोहन दीपक की जांच में एके इंटरप्राइजेज 28 करोड़ रुपये की गर्भपात की किट की बिक्री का बिल नहीं दिखा पाई। इस पर लाइसेंस और गोदाम का लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति करते हुए रिपोर्ट सहायक आयुक्त औषधि को भेजी थी। सहायक आयुक्त ने शनिवार को लाइसेंस निरस्त कर दिए।
फर्जी बिल से भ्रूण हत्या गैंग को बेच रहे गर्भपात किट, हरियाणा-राजस्थान के बाद अब महाराष्ट्र से भी जुड़े तार
माधव ड्रग हाउस की जांच की जांच
गर्भपात किट की भ्रूण हत्या गैंग को कालाबाजारी की शिकायत पर दस दिसंबर को माधव ड्रग हाउस पर भी छापा मारकर कंप्यूटर की हार्ड डिस्क जब्त की थी। औषधि निरीक्षक की जांच में इसने बिल दिखा दिए थे। इसकी सहायक आयुक्त अलग से जांच कर रहे हैं। बीते गुरवार को जलगांव महाराष्ट्र की पुलिस माधव ड्रग हाउस के यहां जांच के लिए पहुंची थी। जलगांव में जब्त गर्भपात किट के बिल इसी फर्म के थे, लेकिन पुलिस की पूछताछ में इन बिल पर फर्म की मुहर और संचालक के हस्ताक्षर नहीं मिले थे।