मैनपुरी। 11 लाख रुपये के बकाए पर पांच आढ़तियों के लाइसेंस और दुकान आवंटन को निरस्त किया गया है। संबंधित आढ़तियों की दुकानों पर ये आदेश चस्पा करा दिया गया।
मंडी में व्यापार करने वाले आढ़तियों पर दुकान प्रीमियम व अन्य शुल्क की बकाएदारी चल रही है। लगातार नोटिस के बाद पांच आढ़तियों ने अक्तूबर में चेक से कुल 11.07 लाख रुपये की बकाया धनराशि का भुगतान किया था। मंडी समिति ने ये चेक खाते में लगाए तो ये बाउंस हो गए। दरअसल आढ़तियों के खाते में धनराशि न होने के कारण ऐसा हुआ। इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए 26 अक्तूबर को सभी पांच लाइसेंस निलंबित कर दिए गए थे।
इसके बाद 14 दिसंबर को एक बार फिर नोटिस जारी कर धनराशि जमा कराने के लिए कहा गया। सुनवाई न होने पर मंडी सचिव नवीन कुमार कोहली ने पांचों के लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति की थी। मंडी सचिव की संस्तुति पर सभापति/उप जिलाधिकारी सदर ऋषिराज ने पांचों लाइसेंस निरस्त कर दुकान आवंटन भी निरस्त कर दिया। आदेश संबंधित आढ़तियों की दुकानों पर चस्पा करा दिया गया है।
इन फर्मों के लाइसेंस हुए निरस्त
-जय सिंह बालकृष्ण ट्रेडर्स- 04 लाख
-मै. मां ब्रह्माणी ट्रेडिंग- 01 लाख
-मै. मां शेरावली टे्रेडिंग कंपनी- 2.76 लाख
-न्यू मां वैष्णों कंपनी- 01 लाख
-मै. रामदास प्रवीन कुमार- 2.30 लाख
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पांच आढ़तियों के चेक बाउंस होने पर लाइसेंस निलंबित कर नोटिस जारी किया गया था। लगभग ढाई माह बाद भी धनराशि जमा न करने और जवाब न देने पर उनके लाइसेंस सभापति ने निरस्त कर दिए हैं।
नवीन कुमार कोहली, मंडी सचिव।