पुलिस आरक्षी भर्ती में शारीरिक दक्षता और शैक्षिक प्रमाणपत्रों की जांच के दौरान स्वतंत्रता सेनानी आश्रित के फर्जी प्रमाण पत्र तैयार करने वालों पर पुलिस ने अपना फोकस कर दिया है।
पुलिस आरक्षी भर्ती में शारीरिक दक्षता और शैक्षिक प्रमाणपत्रों की जांच के दौरान स्वतंत्रता सेनानी आश्रित के फर्जी प्रमाण पत्र तैयार करने वालों पर पुलिस ने अपना फोकस कर दिया है। पुलिस इन प्रमाणपत्रों को तैयार करने वाले गिरोह की तलाश में जुट गई है। इसके लिए पुलिस ने टीमों को लगाया है।
विज्ञापन
कासगंज जिले में चल रही पुलिस भर्ती के दौरान तीन दिन पहले रविंद्र कुमार निवासी ग्राम ग्वालरा, गभाना अलीगढ़ का स्वतंत्रता सेनानी आश्रित प्रमाणपत्र फर्जी निकलने का मामला सामने आया था। इसके बाद पुलिस ने एक दिन पहले भर्ती परीक्षा में पहुंचने वाले अभ्यर्थी प्रकाश निवासी मजूपुर, सुबकरा गौडा, अलीगढ़, सौरभ सिंह निवासी भमरौला, खैर, अलीगढ़, अर्पित कुमार निवासी जलालपुर, पिसावा, अलीगढ़, सतेंद्र चौधरी, निवासइ गोरई, इग्लास, अलीगढ़, मोहित चौधरी, निवासी विसारा, गभाना, अलीगढ़, रिंकू निवासी गांव मालब, टप्पल, अलीगढ़ के प्रमाणपत्रों की जांच कराई तो इनके प्रमाणपत्र भी फर्जी निकले। सात अभ्यर्थियों के प्रमाणपत्रों के फर्जी मिलने के बाद पुलिस गिरफ्त में आए चार अभ्यार्थियों से पूछताछ की तो में पुलिस को कई अहम सुराग हाथ में लगे हैं। इसके बाद पुलिस ने इन लोगों की तलाश शुरू कर दी है।
एएसपी राजेश भारती ने बताया कि स्वतंत्रता सैनानी आश्रित के फर्जी प्रमाणपत्र बनाने वाले गिरोह का पता लगाने के लिए पुलिस प्रयास कर रही है। पुलिस को कुछ सुराग भी मिले हैं। इसके साथ ही शेष बचे चार अभ्यर्थियों की गिरफ्तारी के भी प्रयास किए जा रहे हैं। इसके लिए टीमें भी लगाई गई हैं।