तीन महीने में भी जेवरात नहीं पहुंचे तो वह जुलाई, 2019 में फिर आगरा आईं। अली हुसैन ने कहा कि माल कस्टम में फंस गया है। वापस लेने की प्रक्रिया चल रही है। इस बार फिर से मुंबई ले जाकर सोने की खरीदारी कराई। 19 बार में तकरीबन 23 लाख रुपये का भुगतान कराया गया।
काफी समय तक जेवरात नहीं पहुंचने पर मारीयामा ने पूछा तो अली हुसैन बहाना बनाता रहा। दो साल कोरोना संक्रमण की वजह से वह नहीं आ सकीं। सोमवार को वह एसएसपी आफिस पहुंचीं लेकिन उनसे मुलाकात नहीं हो सकी। अब वह मंगलवार को दोबारा प्रार्थनापत्र देंगी।
पुलिस जुटा रही साक्ष्य
थाना पर्यटन के प्रभारी निरीक्षक जय सिंह परिहार का कहना है कि मामले में जांच की जा रही है। सोना मुंबई में खरीदा गया था। इसके कागजात निकलवाए जा रहे हैं। मामला धोखाधड़ी का है। साक्ष्य जुटाने के बाद कार्रवाई होगी।
पर्यटकों को शिकार बना रहे लपके
ऐसा पहली बार नहीं है, जब आगरा में पर्यटकों के साथ धोखाधड़ी हुई है। कभी होटल दिलवाने तो कभी सस्ता सामान दिलाने के नाम पर पर्यटक ठगी का शिकार हो चुके हैं। यहां तक की ताजमहल की टिकट दिलाने के नाम पर भी पर्यटकों से ठगी कर चुके हैं।