55 साल पहले मिली थी भव्यता
जनकपुरी को भव्यता 55 साल पहले तब मिली, जब 1964 में पुराने शहर की गलियों, मोहल्लों से निकलकर जनकपुरी का आयोजन लोहामंडी, नौबस्ता में पहुंचा। तब नौबस्ता से लेकर लोहामंडी तक सजावट और फूलों की वर्षा ने जनकपुरी के आयोजन को भव्य बना दिया था।
वर्ष 1964 से पहले जनकपुरी महोत्सव साधारण तरीके से विवाह विधि विधान और विदाई रावतपाड़ा, बारह भाई गली, बेलनगंज, छत्ता बाजार, दरेसी, किनारी बाजार, सेठ गली समेत पुराने शहर के गली मोहल्लों में ही पूरी होती थी, लेकिन 1964 में नौबस्ता लोहामंडी से जनकपुरी को भव्य रूप देने की शुरुआत हुई थी।