आगरा में तुलसी पीठाधीश्वर जगद्गुरु रामभद्राचार्य की श्रीराम कथा का आयोजन हो रहा है। इस दौरान आज वे आगरा कॉलेज के गंगाधर शास्त्री भवन में पहुंचे, जहां उन्होंने तलाक को लेकर कहा कि ये प्रथा हमारी नहीं हैं।
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तुलसी पीठाधीश्वर स्वामी रामभद्राचार्य जी महाराज ने आगरा कॉलेज के गंगाधर शास्त्री भवन में कॉलेज के 200 साल पूरे होने पर आयोजित व्याख्यान में कहा कि जो कच्चे मांस को खाने वाले हैं वह किसी की सुंदरता का वर्णन क्या करेंगे?
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तलाक की प्रथा हमारी नहीं है विधर्मियों ने इसे हमारे ऊपर थोप दिया है। पति कभी भी पत्नी का त्याग कर ही नहीं कर सकता है, क्योंकि उसने पत्नी को अग्नि के सामने स्वीकार किया है। भगवान राम ने अहिल्या को अपने चरण कमल से स्पर्श करके गौतम ऋषि से ऐसे जोड़ दिया जैसे कभी अलग हुए ही नहीं थे।
उन्होंने कहा कि जहां विद्या उपकार के लिए दी जाती है, वही असली शिक्षा है। जहां अफजल गुरु देश को तोड़ने का कार्य करता है, वहां शिक्षा का केंद्र नहीं वरन विघटन का केंद्र है। शिक्षा व्यक्ति को समर्थ बनाती है।