मैनपुरी। मैनपुरी प्रखंड निचली गंग नहर के अधिशासी अभियंता पर भ्रष्टाचार के आरोप की जांच शुरू हो गई है। 23 सितंबर को भाजपा के मंडल अध्यक्ष ने प्रभारी मंत्री नरेंद्र कश्यप से शिकायत की थी। प्रभारी मंत्री के निर्देश के बाद जिलाधिकारी ने अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व को जांच सौंपी है। शिकायतों का भौतिक सत्यापन करके शिकायतकर्ता को भी सुनने के निर्देश दिए हैं। ट्रांजिस्ट हाॅस्टल में प्रभारी मंत्री नरेंद्र कश्यप से 23 सितंबर को भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष कौशलेंद्र सिंह निवासी जगतपुर बिछवां ने शिकायतीपत्र दिया था। अमर उजाला से इस समाचार को 24 सितंबर के अंक में प्रमुखता से छापा। शिकायत में आरोप लगाया गया कि निचली गंग नहर के अधिशासी अभियंता ने वित्तीय वर्ष 2024-25 में शासन स्तर से आवंटित बजट में गबन किया है। फर्जी अनुबंध कर करोड़ों रुपये का फर्जी भुगतान कर दिया है। धरातल पर कोई भी कार्य नहीं कराया गया। ई-टेंडर के तहत लगभग छह करोड़ का भुगतान भी हुआ है। उसी अवधि में अभिलेखों में टेल फीडिंग की सूचना भरी गई और मौके पर कार्य भी चलता रहा। जबकि दोनों कार्यों का साथ होना संभव नहीं है। इसकी जांच कराई जाए। अभिलेखों सहित आरोप लगाया है कि अधिशासी अभियंता की मिलीभगत से कागजों पर काम हुआ, लेकिन धरातल पर काम न के बराबर है। प्रभारी मंत्री के निर्देश पर जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व श्यामलता आनंद को जांच सौंपी है। शिकायतों का भौतिक सत्यापन करके शिकायतकर्ता को भी सुनने के निर्देश दिए हैं।
पर्यटन मंत्री ने भी दिए थे जांच के आदेश
भोगांव क्षेत्र के गांव जसरथपुर के रहने वाले राहुल कुमार ने भी 19 अप्रैल 2025 और 13 सितंबर 2025 को इस संबंध में पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह से ट्रांजिस्ट हाॅस्टल में शिकायत की थी। मैनपुरी प्रखंड निचली गंग नहर के अधिशासी अभियंता पर भ्रष्टाचार करने का आरोप लगाया था। पर्यटन मंत्री ने शिकायत की गंभीरता को देखते हुए जांच कराने के आदेश दिए थे। एसडीएम सदर अभिषेक कुमार ने 23 जुलाई 2025 को डीएम को दी गई रिपोर्ट में कहा था कि चार बिंदुओं के स्थलीय निरीक्षण में मौके पर कार्य नहीं पाया गया है। रिपोर्ट में एसडीएम ने लिखा कि शिकायत गंभीर प्रकृति तथा वित्तीय अनियमितता से जुड़ी है। इसमें सरकारी धन के दुरुपयोग की प्रबल संभावना है। रिपोर्ट में विस्तृत जांच तकनीकी विशेषज्ञों/ समिति से कराने की संस्तुति की गई थी।