प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार में 71 सदस्यों का भारी भरकम मंत्रिमंडल बनाया गया है। इनमें 30 कैबिनेट और 36 राज्यमंत्री हैं। 5 राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार भी हैं। वहीं देश में पहले आमचुनाव के बाद बनी सरकार में वर्ष 1952 में तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के साथ कुल 21 मंत्रियों ने शपथ ली थी। इनमें से 15 कैबिनेट मंत्री और चार राज्यमंत्रियों के साथ दो उपमंत्री बनाए गए थे।
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अमर उजाला आर्काइव के पुराने पन्नों में वर्ष 1951-1952 में हुए देश के पहले आम चुनाव की खबरें दर्ज हैं। 14 मई 1952 को तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने अपने 15 कैबिनेट मंत्रियों के साथ शपथ ली थी। तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने अपने पास विदेश मंत्रालय की जिम्मेदारी रखी थी, जबकि गृह और रियासती विभाग कैलाशनाथ काटजू को, रक्षा एन गोपाल स्वामी को, वित्त मंत्रालय, चिंतामणि देशमुख को, कृषि मंत्रालय रफी अहमद किदवई को, शिक्षा मंत्रालय अब्दुल कलाम आजाद और स्वास्थ्य मंत्रालय राजकुमारी अमृतकौर को दिया था। रेल मंत्री लाल बहादुर शास्त्री बनाए गए थे। वीवी गिरि पर श्रम मंत्रालय, स्वर्ण सिंह पर डाक-तार, गुलजारी लाल नंदा पर विकास एवं बांध योजना की जिम्मेदारी थी। देश की पहली चुनी गई सरकार का यह बेहद छोटा मंत्रिमंडल था।
केंद्र सरकार में पांच राज्यमंत्री आगरा से रहे
आजादी के बाद वर्ष 1952 में पहली लोकसभा से लेकर 18वीं लोकसभा तक 72 सालों में आगरा को सिर्फ 5 बार केंद्रीय मंत्रिमंडल में जगह मिली है। पहली बार वर्ष 1989 में जनता दल की सरकार में आगरा से सांसद अजय सिंह को रेल उपमंत्री बनाया गया। इसके बाद वर्ष 1991 में चंद्रशेखर की सरकार में रामजी लाल सुमन को श्रम राज्यमंत्री की जिम्मेदारी दी गई। वर्ष 2014 में भाजपा सरकार में रामशंकर कठेरिया, फिर 2019 में प्रो. एसपी सिंह बघेल और अब 2024 में फिर से प्रो. एसपी सिंह बघेल को राज्यमंत्री की जिम्मेदारी दी गई है।
कांग्रेस की सरकार में नहीं मिली लाल बत्ती
वर्ष 1952 से लेकर 1989 तक कांग्रेस की सरकारों में आगरा को लाल बत्ती से नहीं नवाजा गया। हालांकि आगरा से वर्ष 1952 से लगातार पांच बार सेठ अचल सिंह और 1980, 1984 में निहाल सिंह जैन कांग्रेस से सांसद रहे। लगातार पांच बार के सांसद रहे सेठ अचल सिंह को भी मंत्री पद से नहीं नवाजा गया, जबकि प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू का आगरा से प्रेम जग जाहिर था। वह विदेशी मेहमानों के साथ आगरा भी आए थे।
वर्ष मंत्री मंत्रालय
1989 अजय सिंह रेल उपमंत्री
1991 रामजीलाल सुमन श्रम राज्यमंत्री
2014 रामशंकर कठेरिया - मानव संसाधन राज्यमंत्री
2021 एसपी सिंह बघेल - विधि एवं न्याय, बाद में स्वास्थ्य राज्यमंत्री
2024 एसपी सिंह बघेल पशुपालन, मत्स्य, डेयरी राज्यमंत्री