फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आढ़तियों के आगे बेबस हुआ मंडी प्रशासन

विज्ञापन
12एमएनपी-22-नवीन मंडी में अवैध दुकानों पर लगाए गए निशान - फोटो : MAINPURI
विज्ञापन
मैनपुरी। नवीन मंडी में आढ़तियों के आगे मंडी प्रशासन बेबस हो गया है। शासन के लगातार आदेश के बाद भी अब तक केवल चंद टिनशेड और बांस के टट्टर ही हटवाए जा सके हैं। जबकि यहां बड़ी संख्या में पक्की अवैध दुकानें बनी हुई हैं। बुधवार को भी मंडी प्रशासन इन पर कार्रवाई नहीं कर सका।
विज्ञापन

शासन के आदेश पर नवीन मंडी में 250 अवैध निर्माणों को चिह्नित किया गया है। कुछ आढ़तियों ने जहां टिनशेड और बांस के टट्टर बनाए थे तो वहीं कुछ रसूखदार आढ़तियों ने पक्की दुकानें बनवा ली थीं। मंडी प्रशासन ने शासन के आदेश के बाद इन पर क्रॉस के निशान तो लगा दिए, लेकिन इन्हें हटाने में वे नाकाम हो गए हैं। शनिवार से शुरू हुआ अतिक्रमण हटाओ अभियान अब तक रंग नहीं ला सका है। केवल बांस और टिनशेड से बने टट्टरों को ही अब तक हटाया गया है। ऐसे में मंडी के आढ़तियों में लगातार रोष बढ़ता ही जा रहा है। क्योंकि जिन्होंने खुद ही अपने टट्टर हटा लिए हैं वे मंडी प्रशासन पर भेदभाव करने का आरोप लगा रहे हैं।
बुधवार को मंडी में कोई कार्रवाई नहीं हुई। कुछ आढ़तियों ने मामले की शिकायत मंडी उप निदेशक आगरा से भी की है। अब देखना ये है कि प्रशासन इन दबंग आढ़तियों पर कार्रवाई कर पाता है या नहीं।
विज्ञापन

आखिर क्यों न हो रोष
मंडी समिति के खिलाफ आढ़तियों में रोष होना स्वाभाविक है। अभियान के तहत मंडी समिति ने सबसे पहले छोटे आढ़तियों के टिन शेड और बांस के टट्टर ध्वस्त कर दिए हैं। वहीं अन्य आढ़तियों के कार्गो और पक्के निर्माण अब तक बने हुए हैं। इन आढ़तियों के आगे मंडी प्रशासन कुछ कहने की भी हिम्मत नहीं कर पा रहा है। ऐसे में जल्द ही मंडी में आढ़ती विरोध शुरू कर सकते हैं।
नवीन मंडी मेें सभी अवैध कब्जों को हटवाया जाएगा। मंडी सचिव ने कार्रवाई के लिए पत्र भी भेजा है। जल्द ही नवीन मंडी में सभी अवैध निर्माण ध्वस्त कराए जाएंगे।
विज्ञापन

रजनीकांत पांडेय, एसडीएम सदर।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें