वहीं वर्ष 2007 में लगे मुकदमे पर भाजपा नेता राम भरोसी ने कहा कि हर बार हमारे धैर्य की परीक्षा ली जाती है। हमें धमकाया जाता है। दबाया जाता है। प्रशासन की कार्रवाई के बाद अब हमें यह भरोसा है कि डूब क्षेत्र में बनी सड़क को जल्द उखाड़ फेंका जाएगा। वर्ष 2007 में जेल जा चुके रामचरन का कहना है कि सच के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा है। मुझे भरोसा था कि कि एक दिन हमारी जीत होगी। इसकी शुरुआत हो चुकी है।
ये भी पढ़ें - अवैध साम्राज्य ध्वस्त: 113 साल में पहली बार टूटा राधा स्वामी सत्संग सभा का गुरूर, बुलडोजर चलते ही छाया सन्नाटा
विरोध करने पर ये जा चुके हैं जेल
खासपुर गांव के राकेश कुमार ने बताया कि 2007 में हुए मुकदमे में राजू, रामचरन, दुर्ग सिंह, चुन्नीलाल, हीरालाल जेल गए। इनके रिहा होने के बाद फिर 2009 में हुए झगड़े में राजू, राकेश, रामवीर, लाल सिंह पर मुकदमा हुआ। इसमें वह ढाई महीने जेल में रहे। इसके बाद इसी मुकदमे में फिर से लगभग 8 महीने सभी लोगों ने जेल काटी।