आगरा के जगदीशपुरा स्थित बंशी विहार में बैटरी-इनवर्टर की फर्म के ऑफिस में शुक्रवार सुबह मालिक योगेश मिश्रा (46) और उनकी पत्नी प्रतीची मिश्रा (43) के शव मिले। पति का शव फंदे पर लटका था, जबकि पत्नी फर्श पर मृत पड़ी थीं। मारुति एन्क्लेव स्थित घर में योगेश मिश्रा की पांच साल की बेटी काव्या मृत मिली। पुलिस को ऑफिस में पति-पत्नी के सामूहिक आत्महत्या करने का सुसाइड नोट मिला। मगर, आत्मघाती कदम क्यों उठाया? इसके पीछे की कोई वजह नहीं लिखी थी।
मूलरूप से एटा के थाना बागवाला स्थित जमलापुर निवासी योगेश मिश्रा पुत्र सुनहरी लाल मिश्रा तकरीबन 25 साल से मारुति एन्क्लेव, जगदीशपुरा में रह रहे थे। उनकी शादी वर्ष 2009 में प्रतीची मिश्रा से हुई थी। उनकी दो बेटियां 11 साल की आध्या और पांच साल की काव्या थी। उनके पिता अध्यापक थे। उनकी वर्ष 1994 में मौत हो गई थी। मां सरोज मिश्रा बेटे योगेश के साथ ही रहती थीं। वह तीन भाई और एक बहन थे। योगेश के बडे़ भाई विकास मिश्रा नोएडा की कंपनी में अधिकारी हैं, जबकि छोटे भाई शैलेष एटा में ही रहते हैं। वो शिक्षक हैं। उन्होंने बंशी विहार में अपनी कोठी की पहली मंजिल पर फर्म का आफिस खोल रखा था, जिसमें आनलाइन बैटरी और इनवर्टर का कारोबार करते थे।
कासगंज छात्रा हत्याकांड: जान बचाने के लिए किया था संघर्ष, दो भाइयों के बीच अकेली थी बहन