11एमएनपी-12-100 शैया मात़ृ एवं शिशु चिकित्सालय
- फोटो : MAINPURI
मैनपुरी। सरकार के दबाव में स्वास्थ्य विभाग ने भले ही सौ शैया मातृ एवं शिशु चिकित्सालय शुरू करा दिया है, लेकिन आज तक इसमें डॉक्टरों और अन्य स्टाफ की तैनाती नहीं हो सकी है। इसके चक्कर में जिला महिला अस्पताल को बंद कर दिया गया है। यहां के डॉक्टरों को सौ शैया में संबद्ध कर दिया गया है।
प्रदेश भर के 100 शैया अस्पताल खोलने के लिए स्वास्थ्य विभाग को जुलाई में निर्देश दिए गए थे। शासन के दबाव में जिले में बंद पड़ा 100 शैया अस्पताल खोल दिया गया। बिना स्टाफ और संसाधनों के खोले गए अस्पताल का संचालन किस प्रकार किया जाए इसको लेकर जिला प्रशासन के सामने दिक्कतें आईं।
विभाग से डॉक्टर व कर्मचारी न मिलने पर जिले के अधिकारियों ने महिला अस्पताल की सेवाएं बंद कर 100 शैया में ही व्यवस्थाएं जुटाना शुरू कर दिया है। धीरे-धीरे महिला अस्पताल का सामान व उपकरण स्टाफ के साथ 100 शैया में स्थानांतरित किए जा रहे हैं।
जिला महिला अस्पताल में मिलने वाली अन्य सुविधाएं आज से 100 शैया में मिलेंगी। वहीं, अल्ट्रासाउंड व्यवस्था जिला महिला अस्पताल में ही संचालित रहेगी।
जिले में सौ शैया शुरू होने की घोषणा हुई तो जिले लोगों को बेहतर इलाज मिलने की उम्मीद जगी। यहां सिर्फ अस्पताल चालू करने की औपचारिकता भर हुई है। सीधे तौर पर अगर कहा जाए तो अस्पताल और सुविधाएं वहीं हैं, जो लोगों को अभी तक जिला महिला अस्पताल में मिलती आ रही थीं।
सौ शैया अस्पताल महिला अस्पताल का ही अपग्रेड रूप है। इसलिए अब ओपीडी, इमरजेंसी और प्रसव आदि सेवाएं 100 शैया में ही दी जाएंगीं।- डॉ. एके पचौरी, सीएमएस