ऐसे में मोबाइल की टॉर्च जलाकर संदल पेश किया गया। फूलों की चादर चढ़ाने के बाद मुल्क में अमन-चैन की दुआ की गई। बिजली गुल हो जाने के कारण तहखाने में अव्यवस्थाएं हो गईं। करीब दस मिनट के बाद बिजली सप्लाई चालू हुई। शाम तक असली कब्रों को देखने वालों का तांता लगा रहा।
दो दिन में करीब एक लाख पर्यटक पहुंचे
उर्स के पहले दो दिन दोपहर दो बजे से ताजमहल में निशुल्क प्रवेश दिया गया। दोनों दिन करीब एक लाख पर्यटकों ने ताज का दीदार किया। सोमवार को दोपहर दो बजे से निशुल्क प्रवेश के कारण पर्यटकों का सैलाब उमड़ पड़ा। यहां व्यवस्था बनाने के लिए सीआईएसएफ ने पर्यटकों पर लाठियां फटकारीं। इससे ताजमहल में भगदड़ की सी स्थिति बन गई थी।