जगदीशपुरा के मारुति एंक्लेव में गुरुवार को सुबह पांच बजे 10वीं की छात्रा से गैंगरेप का प्रयास किया गया। वह मार्निंगवॉक के लिए पार्क जा रही थी। रास्ते में चार युवकों ने उसे पकड़कर जमीन पर गिरा लिया था। उसके कपडे़ फाड़ डाले।
तभी पहुंचे उसके दोस्त शोभित ने उसे बचाने की कोशिश की। इससे बौखलाए दरिंदों ने पहले उसे पीटा और फिर गोली मार दी। इसके बाद भाग निकले। उधर, शोभित को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
छात्रा जगदीशपुरा क्षेत्र की ही एक कालोनी की रहने वाली है। मारुति एंक्लेव में रोजाना मार्निंगवॉक पर जाती है। घटिया आजम खां निवासी 10वीं का छात्र शोभित भी यहीं पर टहलने के लिए आता है। छात्रा कालोनी के गेट नंबर तीन पर पहुंची ही थी, उसे चार युवकों ने घेर लिया। वह कुछ समझ पाती कि उसे खींचकर ले गए, जमीन पर गिरा लिया।
दो युवकों ने हाथ पकड़े, दो ने उसके कपड़े फाड़ डाले। तभी शोभित पहुंच गया। छात्रा चीख रही थी। शोभित दरिंदों से भिड़ गया। इस पर वे बौखला गए। उसे चारों ने पीटा और फिर गोली चला दी। गोली उसके हाथ में लगी है। इसके बाद युवक भाग निकले। शोभित के तहेरे भाई ने रिपोर्ट दर्ज कराई है।
इंस्पेक्टर जगदीशपुरा लाइन हाजिर, पीड़िता ने दर्ज कराए बयान
यूपी पुलिस
जगदीशपुरा के मारुति एंक्लेव में गुरुवार को मार्निंग वाक पर निकली छात्रा से गैंगरेप की कोशिश और उसे बचाने आए उसके दोस्त को गोली मार दिए जाने की घटना में ढिलाई इंस्पेक्टर डीके सिसौदिया को भारी पड़ी। एसएसपी दिनेश चंद दुबे ने सिसौदिया को लाइन हाजिर कर दिया। सिसौदिया के कार्यकाल में जगदीशपुरा में हुई घटनाओं का खुलासा न हो पाने के चलते उनके खिलाफ प्राथमिक जांच के भी आदेश दे दिए हैं। उनकी जगह अभी नई तैनाती नहीं की गई है।
जगदीशपुरा थाना पुलिस ने एक साथ तीन गलतियां की थीं। वह भी तब जबकि डीजीपी सुलखान सिंह शहर में थे। पहली, इतनी गंभीर घटना की जानकारी अफसरों को नहीं दी। दूसरी, एफआईआर में गैंगरेप का प्रयास दर्ज नहीं किया। तीसरा, आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए प्रयास भी नहीं किया। माना जा रहा है कि इन गलतियों के चलते ही उन्हें हटाया गया है।
एसएसपी का कहना है कि जगदीशपुरा थाना क्षेत्र में पिछले कुछ समय में हुई घटनाओं का खुलासा नहीं हो पा रहा था। इसकी जांच एएसपी हरीपर्वत को सौंपी गई है। बता दें, मारुति एंक्लेव में चार युवकों ने दसवीं की छात्रा से गैंगरेप की कोशिश की थी। उसे बचाने पहुंचे उसके घटिया आजम खां निवासी दोस्त शोभित को गोली मार दी थी।
इंस्पेक्टर को हटा दिए जाने से पुलिस की ढिलाई बंद नहीं हुई। शुक्रवार की शाम तक एक भी आरोपी की गिरफ्तारी तो दूर पहचान तक नहीं की जा सकी। पुलिस ने शुक्रवार को पीड़ित छात्रा के घर जाकर उसका बयान दर्ज किया। उसने पुलिस को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। माना जा रहा है कि पुलिस जल्द ही धाराएं तरमीम कर लेगी।